गौवंश संरक्षण योगी: गोवर्धन पूजा का पावन अवसर, गोरखनाथ मंदिर में पूजा-अर्चना
गोरखपुर। गोवर्धन पूजा के शुभ अवसर पर उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने गोरखनाथ मंदिर में पूजा-अर्चना के साथ गौसेवा का पुण्य कार्य किया। उन्होंने प्रदेशवासियों को इस शुभ पर्व की हार्दिक शुभकामनाएं दीं और कहा कि भारत जैसा कृषि प्रधान देश गौवंश के संरक्षण पर ही विकसित हो सकता है।
कृषि प्रधान भारत का प्रतीक है गौवंश
सीएम योगी ने कहा, “भारत की कृषि प्रधान व्यवस्था का प्रतीक गोवर्धन पूजा है, जो हमें प्रकृति के साथ संबंद्धता और गौवंश के महत्व का स्मरण कराता है। भारत की समृद्धि का आधार भारतीय गौवंश रहा है।” उन्होंने लोगों से गौवंश संरक्षण के प्रति जागरूक रहने का आग्रह किया।
गौ संरक्षण के लिए तीन प्रमुख योजनाएं
मुख्यमंत्री ने बताया कि गौवंश संरक्षण के लिए सरकार द्वारा तीन प्रमुख योजनाएं संचालित हैं:
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पहली योजना गौ आश्रय स्थलों के लिए मासिक 1500 रुपये की आर्थिक सहायता प्रदान करती है।
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दूसरी योजना में किसान जो गौवंश की देखरेख करते हैं, उन्हें भी मासिक 1500 रुपये का योगदान मिलता है।
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तीसरी योजना कुपोषित परिवारों को बीमार गाय उपलब्ध कराने और उसके पालन-पोषण के लिए आर्थिक सहायता प्रदान करती है।
मुख्यमंत्री योगी की गौसेवा से प्रेरणा
सीएम योगी आदित्यनाथ ने गोरखनाथ मंदिर परिसर में गौ पूजन और सेवा करते हुए कहा कि यह कार्य न केवल धार्मिक कर्तव्य है, बल्कि समाज और पर्यावरण के लिए भी महत्वपूर्ण है। उन्होंने प्रदेशवासियों से इस कार्य में सक्रिय भागीदारी की अपील की ताकि भारतीय गौवंश का संरक्षण सुनिश्चित किया जा सके।
