Right or Wrong to Clean After Sunset: भारत जैसे सांस्कृतिक देश में दिनचर्या से जुड़ी हर गतिविधि के पीछे कोई न कोई परंपरा, धार्मिक विश्वास या वैज्ञानिक तर्क मौजूद होता है। ऐसी ही एक मान्यता है कि “सूर्यास्त के बाद झाड़ू लगाना या घर की सफाई करना अशुभ माना जाता है।” यह बात अधिकतर भारतीय घरों में बुजुर्गों द्वारा सिखाई जाती है। लेकिन क्या कभी आपने सोचा है कि ऐसा क्यों कहा जाता है? क्या इसके पीछे केवल अंधविश्वास है या फिर कोई गहरा सामाजिक, सांस्कृतिक और वैज्ञानिक आधार?
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इस लेख में हम जानेंगे सूर्यास्त के बाद सफाई करने की मनाही के पीछे की धार्मिक मान्यताएं, वास्तु और ज्योतिष से जुड़े कारण,..
धार्मिक दृष्टिकोण: मां लक्ष्मी की कृपा..
भारतीय संस्कृति में झाड़ू को सिर्फ एक सफाई का उपकरण नहीं, बल्कि मां लक्ष्मी का प्रतीक माना जाता है। मान्यता है कि झाड़ू से घर की दरिद्रता दूर होती है और लक्ष्मी जी का वास होता है।
क्यों मना है शाम के बाद सफाई?
हिंदू धर्म के अनुसार, शाम का समय यानी सूर्यास्त के बाद का वक्त आध्यात्मिक रूप से देवी-देवताओं की आगमन व विश्राम का समय होता है। यह माना जाता है कि इस समय घर में सकारात्मक ऊर्जा का वास होता है और अगर इस वक्त झाड़ू लगाई जाए या घर की धूल-गंदगी बाहर फेंकी जाए, तो साथ में लक्ष्मी जी भी घर से बाहर चली जाती हैं।

कुछ पुरानी कथाओं में यह भी उल्लेख मिलता है कि शाम के समय झाड़ू लगाने से घर की सुख-समृद्धि पर बुरा असर पड़ता है और वहां दरिद्रता वास करने लगती है।
वास्तु शास्त्र के अनुसार…
घर की सफाई और ऊर्जा का सीधा संबंध होता है। सफाई करने का समय और तरीका भी ऊर्जा के प्रवाह को प्रभावित करता है।
वास्तु के अनुसार झाड़ू कब लगाना चाहिए?
1. सुबह का समय (सूर्योदय से पहले या थोड़ी देर बाद) झाड़ू लगाने के लिए सर्वोत्तम माना जाता है।
2. शाम के बाद झाड़ू लगाना, विशेषकर घर के मुख्य द्वार के पास, नकारात्मक ऊर्जा को आकर्षित कर सकता है और सकारात्मक ऊर्जा को दूर कर सकता है।
वास्तु विशेषज्ञों का मानना है कि सूर्यास्त के बाद घर की ऊर्जा स्थिर हो जाती है और अगर उस समय सफाई की जाए तो यह ऊर्जा असंतुलित हो सकती है।
ज्योतिष के अनुसार…
सूर्यास्त के बाद का समय राहु काल और अशुभ ऊर्जा से युक्त हो सकता है। इस समय विशेष में की गई कुछ क्रियाएं व्यक्ति के भाग्य पर प्रतिकूल प्रभाव डाल सकती हैं।
साफ-सफाई का कार्य अगर शाम के समय किया जाए तो वह धन हानि, मानसिक अशांति और पारिवारिक कलह का कारण बन सकता है — ऐसा कुछ ज्योतिषाचार्य मानते हैं।
शाम को क्या करना चाहिए?
अगर आप शाम के समय घर को सुव्यवस्थित रखना चाहते हैं, तो कुछ वैकल्पिक उपाय अपनाएं..
1. दीपक जलाएं – घर में सकारात्मक ऊर्जा आती है।
2. गुलाबजल या कपूर का छिड़काव करें – वातावरण सुगंधित और शुद्ध बनता है।
3. हल्की सफाई या चीजें व्यवस्थित करना – झाड़ू लगाने के बजाय फोल्डिंग, कपड़े जमा करना आदि करें
