White Spots on Nails: अक्सर आपने देखा होगा कि कभी-कभी हमारे नाखूनों पर छोटे-छोटे सफेद धब्बे या निशान नजर आते हैं। इन्हें मेडिकल भाषा में ल्यूकोनिखिया कहा जाता है। अधिकतर लोग इसे नजरअंदाज कर देते हैं, लेकिन कुछ लोग इसे विटामिन की कमी, कैल्शियम की कमी या किसी गंभीर बीमारी का संकेत भी मानते हैं।
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लेकिन क्या वास्तव में यह निशान शरीर के भीतर किसी बड़ी समस्या का संकेत होते हैं या फिर यह एक सामान्य और अस्थायी स्थिति होती है? आइए इस खबर में विस्तार से समझते हैं….
क्या होते हैं ये सफेद निशान?
नाखूनों पर दिखाई देने वाले सफेद धब्बे या रेखाएं अक्सर अनियमित आकार की होती हैं और समय के साथ नाखून के साथ ऊपर की ओर बढ़ती हैं। यह एक आम स्थिति है और आमतौर पर किसी भी उम्र में हो सकती है।
ल्यूकोनिखिया मुख्य रूप से दो प्रकार की होती है-
1. True Leukonychia – यह तब होता है जब नाखून की जड़ को किसी प्रकार का नुकसान होता है, जिससे सफेद निशान उभरते हैं।
2. Apparent Leukonychia – यह स्थिति तब होती है जब नाखून के नीचे के ऊतकों में कुछ बदलाव होता है, जिससे सफेदपन दिखने लगता है।

सफेद निशानों के सामान्य कारण…
नाखून पर चोट लगना…
यह सबसे आम कारणों में से एक है। यदि नाखून की जड़ पर कोई चोट लगती है, तो उसका असर कुछ हफ्तों बाद सफेद निशान के रूप में दिख सकता है। बच्चों और किशोरों में यह बहुत सामान्य होता है क्योंकि वे अक्सर खेलते समय चोटिल हो जाते हैं।
पोषण की कमी..
कई बार शरीर में जिंक, कैल्शियम या विटामिन B12 की कमी से भी नाखूनों पर सफेद निशान पड़ सकते हैं। हालांकि, यह कारण बहुत कम मामलों में सामने आता है। अगर आपकी डाइट संतुलित नहीं है, तो यह एक संभावित कारण हो सकता है।
एलर्जी या रिएक्शन…
नेल पॉलिश, नेल रिमूवर, या नेल एक्सटेंशन के कुछ उत्पादों से एलर्जी होने पर भी सफेद निशान विकसित हो सकते हैं। यह शरीर की प्रतिक्रिया होती है जो धीरे-धीरे नाखूनों में दिखती है।
फंगल इंफेक्शन…
कभी-कभी फंगल संक्रमण भी नाखूनों के रंग-रूप को प्रभावित कर सकते हैं। इससे नाखून मोटे, खुरदरे और सफेद धब्बेदार हो सकते हैं। यह स्थिति आमतौर पर पैरों के नाखूनों में ज्यादा देखी जाती है।
लिवर और किडनी संबंधी बीमारियां…
कुछ गंभीर मामलों में, लिवर की बीमारी (जैसे सिरोसिस) या किडनी की विफलता से भी नाखूनों में रंग परिवर्तन हो सकते हैं। हालांकि ये बहुत ही कम मामलों में देखने को मिलते हैं और आमतौर पर सफेद निशानों के साथ अन्य लक्षण भी मौजूद होते हैं।
सफेद निशान कब बन सकते हैं चिंता का विषय?
हालांकि अधिकतर मामलों में ये निशान हानिरहित होते हैं और समय के साथ खुद ही चले जाते हैं, लेकिन यदि निम्न में से कोई भी स्थिति हो रही हो तो आपको डॉक्टर से संपर्क करना चाहिए..
1. नाखूनों पर बार-बार सफेद निशान बन रहे हों।
2. बहुत ज्यादा कमजोर और टूटने वाले हो गए हों।
3. साथ ही बाल झड़ना, थकान या त्वचा संबंधी समस्याएं भी हों।
4. नाखूनों का रंग पूरी तरह सफेद या बहुत फीका दिखने लगे।
5. धब्बों के साथ दर्द या सूजन हो।

नाखूनों की सही देखभाल कैसे करें?
स्वस्थ नाखून केवल खूबसूरती ही नहीं बढ़ाते, बल्कि यह आपके शरीर की आंतरिक सेहत का भी आईना होते हैं। नाखूनों की देखभाल के लिए निम्नलिखित उपाय अपनाएं:
1. प्रोटीन, कैल्शियम, जिंक और विटामिन्स (विशेषकर B12, C और E) से भरपूर आहार नाखूनों की मजबूती में मदद करता है।
2. पर्याप्त मात्रा में पानी पीना न केवल त्वचा बल्कि नाखूनों को भी स्वस्थ रखता है।
3. सस्ते और घटिया क्वालिटी के नेल प्रोडक्ट्स का प्रयोग न करें। यदि आप नेल पॉलिश या रिमूवर इस्तेमाल करते हैं, तो अच्छे ब्रांड और कम केमिकल वाले उत्पाद चुनें।
4. नाखूनों को साफ और छोटे रखने से इंफेक्शन और चोट का खतरा कम होता है।
घबराएं नहीं, लेकिन सजग रहें…
नाखूनों में सफेद निशान आमतौर पर घबराने वाली बात नहीं होती। यह अक्सर एक अस्थायी स्थिति होती है जो कुछ हफ्तों या महीनों में अपने आप ठीक हो जाती है। हालांकि, यदि इसके साथ अन्य लक्षण भी नजर आएं या यह लगातार बार-बार हो रहा हो, तो डॉक्टर की सलाह जरूर लें।
