Tuberculosis Symptoms and Treatment: क्षय रोग इसे ट्यूबरकुलोसिस और टीबी भी कहते है। यह एक संक्रामक बीमारी है, जो मुख्य रुप से फेफड़ों को प्रभावित करती है, लेकिन यह बॉडी के अन्य हिस्सों को भी प्रभावित कर सकती है। यह रोग माइकोबैक्टेरियम ट्यूबरकुलोसिस नामक बैक्टीरिया के कारण होता है। अगर समय पर इलाज न मिले तो यह जानलेवा हो सकता है।
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आज हम आपको इस आर्टिकल में टीबी कैसे फैलता है, इसके लक्षण और इलाज के बारें में जानेंगे।
क्षय रोग कैसे फैलता है?
यह रोग सबसे ज्यादा फेफड़ों को ही प्रभावित करती है और उसी के माध्यम से ही फैलता है, जब कोई व्यक्ति TB से संक्रमित होता है, खांसता है, छींकता है, या बोलता है तो उसके मुंह से छोटे – छोटे संक्रमणकारी बूंदे हवा में फैल जाती हैं। ये बूंदे अगर किसी स्वस्थ व्यक्ति के बॉडी में पहुंच जाए तो वह भी TB से संक्रमित हो सकता है।
इस बीमारी के लक्षण क्या हैं?
क्षय रोग के लक्षण धीरे-धीरे बढ़ते हैं और शुरुआत में यह सामान्य सर्दी-जुकाम जैसा लग सकता है। लेकिन यदि इन लक्षणों को नजरअंदाज किया जाए तो बीमारी गंभीर रूप ले सकती है।
लक्षण
1. 2 सप्ताह से अधिक समय तक खांसी रहना, जो कभी-कभी खून भी आ सकता है।
2. सांस लेने में तकलीफ या छाती में दर्द।
3. बुखार: खासकर शाम को बुखार आना।
4. रात को पसीना आना।
5. वजन घटना और भूख में कमी।
6. कमजोरी और थकान।
7. स्वर में बदलाव या आवाज में खराबी।

ध्यान दें –
कुछ मामलों में TB शरीर के अन्य हिस्सों जैसे गुर्दा, रीढ़ की हड्डी, दिमाग आदि को भी प्रभावित कर सकता है, जिसे एक्स्ट्रा-पुलमोनरी TB कहा जाता है। उसके लक्षण प्रभावित अंग के अनुसार अलग हो सकते हैं।
प्रकार…
1. फेफड़ों का क्षय रोग (Pulmonary TB): सबसे आम प्रकार, जो फेफड़ों को प्रभावित करता है।
2. एक्स्ट्रा-पुलमोनरी TB: जब बैक्टीरिया फेफड़ों के अलावा शरीर के अन्य अंगों को संक्रमित करता है, जैसे लिम्फ नोड्स, हड्डियां, मस्तिष्क आदि।
इलाज..
क्षय रोग का इलाज संभव है और इसका सफल उपचार उपलब्ध है। इलाज को Anti-Tuberculosis Treatment (ATT) कहा जाता है, जो कई तरह की एंटीबायोटिक्स की एक निर्धारित अवधि (आमतौर पर 6 महीने) की कोर्स होती है।
1. दवाइयों का नियमित सेवन: रोगी को पूरी दवा पूरी अवधि तक बिना छुट्टे के लेनी होती है।
2. डायरेक्ट ऑब्जर्व्ड ट्रीटमेंट (DOT): सरकार द्वारा चलाया जाने वाला प्रोग्राम जिसमें स्वास्थ्य कार्यकर्ता मरीज के दवाइयों के सेवन पर नजर रखते हैं।
3. खास देखभाल: पर्याप्त पोषण, आराम और स्वच्छ वातावरण।
4. डॉक्टर की सलाह अनुसार नियमित जांच।

क्षय रोग से बचाव कैसे करें?
1. खांसते या छींकते वक्त मुंह और नाक को रूमाल या टिशू से ढकें।
2. टीबी रोगी को सही तरीके से दवाइयां दें और उनके संपर्क में आने से बचें जब तक वे ठीक न हो जाएं।
3. भीड़-भाड़ वाले इलाकों में मास्क पहनें।
4. अच्छी स्वच्छता बनाए रखें और जगह को वेंटिलेट करें।
5. स्वस्थ जीवनशैली अपनाएं और कुपोषण से बचें।
6. यदि खांसी 2 हफ्ते से ज्यादा हो तो तुरंत डॉक्टर से संपर्क करें।
भारत में क्षय रोग की स्थिति…
भारत में TB सबसे बड़ा सार्वजनिक स्वास्थ्य समस्या है। विश्व स्वास्थ्य संगठन (WHO) के अनुसार भारत में विश्व के कुल टीबी रोगियों का लगभग 27% हिस्सा है। सरकार ने राष्ट्रीय TB उन्मूलन कार्यक्रम (National TB Elimination Program) चलाकर इस बीमारी पर काबू पाने के लिए कई कदम उठाए हैं।

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