सीएम ने किया भव्य कलश यात्रा का नेतृत्व
Vikramotsav 2025: खबर बाबा महाकाल की नगरी उज्जैन से है जहां मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने महाशिवरात्रि के पावन अवसर पर उज्जैन में ‘विक्रमोत्सव 2025’ का शुभारंभ किया। इस अवसर पर उन्होंने भव्य कलश यात्रा का नेतृत्व करते हुए महाकाल मंदिर में राजाधिराज भगवान श्री महाकाल को प्रणाम किया। मुख्यमंत्री ने इस अवसर पर सम्राट विक्रमादित्य के शासन और उनके आदर्शों को याद करते हुए कहा कि भारत प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में नए ‘अमृत काल’ में प्रवेश कर रहा है।
विक्रमादित्य के शासन की सीएम ने की प्रशंसा

मुख्यमंत्री ने सम्राट विक्रमादित्य के शासन की प्रशंसा करते हुए कहा कि उन्होंने न केवल अपने समय में विदेशी आक्रमणों का सफलतापूर्वक सामना किया, बल्कि भारत में विक्रम संवत की शुरुआत कर भारतीय कैलेंडर को विश्व स्तर पर प्रतिष्ठित किया। डॉ. यादव ने बताया कि 2081 वर्षों से भारतवासी विक्रम संवत का पालन कर रहे हैं, और विक्रमादित्य की नवरत्न परंपरा आज भी हमारे मानसपटल पर है।
सीएम ने पीएम मोदी की प्रशंसा की
उन्होंने उज्जैन के समृद्ध इतिहास का उल्लेख करते हुए कहा कि सम्राट विक्रमादित्य के द्वारा स्थापित उच्च मापदंडों का पालन आज भी प्रधानमंत्री मोदी के नेतृत्व में हो रहा है। उन्होंने श्री महाकाल महालोक, श्री काशी विश्वनाथ का कारिडोर और श्री केदारनाथ के पुनर्निर्माण का उदाहरण दिया, जो प्रधानमंत्री मोदी के कार्यकाल में संभव हुए हैं।
सिंहस्थ-2028 के लिए 500 करोड़ का निर्धारित बजट-सीएम
मुख्यमंत्री ने उज्जैन में आगामी सिंहस्थ 2028 के लिए सरकार द्वारा की जा रही तैयारियों का भी उल्लेख किया। सिंहस्थ के दौरान माँ क्षिप्रा के जल में स्नान करने के उद्देश्य से विभिन्न जल संरक्षण परियोजनाओं की घोषणा की गई। उन्होंने बताया कि सिंहस्थ-2028 के लिए 500 करोड़ रुपये का बजट निर्धारित किया गया है, और इस आयोजन के लिए आवश्यक अधोसंरचनाओं का तेजी से विकास किया जा रहा है।
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इंदौर और उज्जैन के बीच मेट्रो रेल शुरू होगी
Vikramotsav 2025: डॉ. यादव ने यह भी बताया कि उज्जैन में अशोक पुल का हाल ही में लोकार्पण हुआ है और क्षिप्रा नदी के तट पर 29 किमी लंबे घाटों का निर्माण किया जा रहा है। इसके अलावा, इंदौर और उज्जैन के बीच मेट्रो रेल सेवा शुरू की जाएगी, जो इस क्षेत्र के यातायात को और सुगम बनाएगी।
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