Uttarakhand Madrasa 11 conditions: उत्तराखंड में मदरसों के संचालन के लिए 11 शर्तें पूरी करनी ही होगी। सभी मदरसों को शिक्षा विभाग से भी नए सिरे मान्यता लेनी होगी। अल्पसंख्यक कल्याण अधिकारी JS रावत ने मदरसा संचालकों की बैठक लेकर इन शर्तों को पूरा करने को निर्देशित किया।

36 मदरसों के पास मान्यता
बता दें कि उत्तराखंड में 482 मान्यता प्राप्त मदरसे हैं और इनमें 50000 से ज्यादा छात्र-छात्राएं हैं। देहरादून में 36 मदरसों के पास मान्यता है। मदरसा बोर्ड के निदेशक गिरधारी सिंह रावत ने उत्तराखंड अल्पसंख्यक शिक्षा अधिनियम के मानकों पर दून, हरिद्वार, उधम सिंह नगर, नैनीताल, अल्मोड़ा, पिथौरागढ़, चम्पावत के अधिकारियों से रिपोर्ट मांगी है। बैठक में दौरान मौलाना इफ्तिखार, कारी शहजाद, मौलाना रिहान गनी मौजूद रहे।
Uttarakhand Madrasa 11 conditions: क्या है शर्तें?
मदरसा संचालन के लिए 11 शर्तें लागू की गई। इनमें
- शैक्षणिक संस्थान अल्पसंख्यक समुदाय से स्थापित, संचालित हो।
- संस्थान शिक्षा परिषद से संबद्ध हो।
- सोसायटी रजिस्ट्रार के यहां पर संस्थान का पंजीकरण हो।
- शैक्षणिक संस्थान की जमीन सोसायटी के नाम पर हो।
- वित्तीय लेनदेन अनिवार्य रूप से संस्थान के खाते से ही हों।
- संस्थान की सोसायटी में सभी सदस्य अल्पसंख्यक हों।
- संस्थान, छात्रों एवं शिक्षकों को धार्मिक गतिविधि में शामिल होने के लिए बाध्य नहीं करेगा।
- डिग्रीधारी शिक्षक ही तैनात हो।
- शैक्षणिक, प्रशासनिक और वित्तीय मामलों में परिषद एवं प्राधिकरण के निर्देश एवं बदलाव लागू होंगे।
- संस्थान ऐसा कार्य नहीं करेगा जिससे सांप्रदायिक एवं सामाजिक सद्भाव प्रभावित हो।
