us citizenship: अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने पदभार ग्रहण करने के बाद जन्मसिद्ध नागरिकता पर किए हस्ताक्षर
us citizenship: जन्मसिद्ध नागरिकता (बर्थराइट सिटीजनशिप) को समाप्त करने के उद्देश्य से एक कार्यकारी आदेश पर हस्ताक्षर किए। जन्मसिद्ध नागरिकता का मतलब है अमेरिका में जन्म लेने वाले बच्चे को स्वत: नागरिकता मिल जाना ।
इस आदेश में कहा गया है कि अब से अमेरिकी धरती पर जन्मे किसी भी बच्चे को ‘सिर्फ जन्म के आधार पर अमेरिका की नागरिकता को नहीं मिलेगी अगर उसके माता-पिता अवैध रूप से या जो वैध रूप से लेकिन अस्थायी रूप से अमेरिका मे रह रहे हों।
us citizenship: आदेश के अनुसार यह उन व्यक्तियों पर लागू होगा जो इस आदेश की तारीख से 30 दिनों के बाद
अमेरिका में जन्मे हैं। ट्रंप का यह आदेश अनडॉक्युमेंटेड प्रवासियों के अलावा अस्थायी कार्य वीजा पर
कानूनी रूप से रहने वाले लोगों को प्रभावित करेगा।
us citizenship: बर्थ टूरिज्म को ख़तम कर देगा यह आदेश अमेरिकी राष्ट्रपति का यह कार्यकारी आदेश बर्थ टूरिज्म को ख़तम करने के उद्देश्य से ज़ारी किया गया है मतलब वो विदेशी नागरिक जो अपने बच्चों को अमेरिका मे जन्म देने और उनके लिए अमेरिकी नागरिकता हासिल करने के लिए ही सिर्फ अमेरिका की यात्रा करते हैं ताकि उनके बच्चे को अमेरिकी नागरिकता मिल सके।
us citizenship: बर्थराइट सिटीजनशिप पर वर्तमान कानून क्या कहता है – अमेरिकी संविधान के 14वें संशोधन में कहा
गया है कि अमेरिका की धरती पर जन्म लेने वाला कोई भी व्यक्ति स्वत: ही अमेरिकी नागरिकता प्राप्त करेगा । 1868 में स्वीकृत इस प्रावधान को अमेरिका में जन्मे सभी लोगों को नागरिकता प्रदान करने के लिए लाया गया था, चाहे उनके माता-पिता अवैध या वैध रूप से लेकिन अस्थायी रूप से अमेरिका मे रह रहे हों ।
us citizenship: ट्रंप का यह कार्यकारी आदेश 14वें संशोधन के दायरे को फिर से परिभाषित करने का कोशिश करता है।
इस आदेश का भारतीयों ओर असर – यूएस सेंसस ब्यूरो के आंकड़ों के अनुसार, 2022 तक लगभग 4.8 मिलियन भारतीय-अमेरिकी रह रहे थे। इनमें से काफी संख्या में लोग अमेरिका में ही जन्मे हैं और ट्रंप के आदेश अनुसार यह केवल उन लोगों पर लागू होगा जो इस आदेश की तारीख से 30 दिनों के बाद अमेरिका में जन्मे हैं इसका मतलब है कि अमेरिका में भारतीयों की आने वाली पीढ़ी इसके दायरे में होगी।
