Union Health Secretary Meeting 2025 : कफ सिरप से बच्चों की मौत के मामले को लेकर केंद्रीय स्वास्थ्य सचिव ने बैठक बुलाई है, जिसमें देश के सभी राज्यों के हेल्थ सेक्रेटरी और ड्रग कंट्रोलर शामिल होंगे। इस बैठक का मुख्य उद्देश्य कफ सीरप से हुई जहरीली दवा त्रासदी को रोकने के लिए सख्त कदम उठाना और दवाओं की क्वालिटी को लेकर कड़े नियम बनाना है।
कफ सिरप से मौतें
हाल ही में छिंदवाड़ा में जहरीले कफ सिरप के सेवन से 11 बच्चों की मौत ने देश में चिंता की लहर फैला दी। इस गंभीर घटना के बाद केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्रालय ने जांच तेज कर दी है और सभी राज्यों को अलर्ट करने का निर्देश दिया है। केंद्रीय स्वास्थ्य सचिव ने सभी राज्य के स्वास्थ्य सचिवों और ड्रग कंट्रोलर को बैठक में शामिल होने के आदेश दिए हैं जिससे राष्ट्रीय स्तर पर समन्वित रणनीति बनायी जा सके।
बैठक के प्रमुख एजेंडे
इस बैठक में मुख्य रूप से कई मुद्दों पर चर्चा होगी:
कफ सिरप सहित सभी बच्चों के उपयोग की दवाओं की गुणवत्ता नियंत्रण को सख्त बनाना।
दवा निर्माण और वितरण की प्रक्रियाओं का कड़ाई से निरीक्षण।
राज्य स्तरीय निरीक्षकों के कार्यों का पुनर्मूल्यांकन और प्रशिक्षण।
जहरीले दवाओं की बिक्री को रोकने के लिए प्रभावी मॉनिटरिंग प्रणाली लागू करना।
यह सुनिश्चित करने का प्रयास किया जाएगा कि कोई भी दूषित या मिलावटी दवा बाजार में न आए और बच्चों की जान बचाई जा सके।
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राज्यों को जिम्मेदारी
केंद्रीय स्वास्थ्य सचिव की यह बैठक राज्यों को दवाओं की निगरानी और स्वास्थ्य सुरक्षा सुनिश्चित करने की जिम्मेदारी याद दिलाने वाली है। राज्य सरकारों को ड्रग कंट्रोलर के साथ मिलकर स्थानीय स्तर पर कार्रवाई करनी होगी, साथ ही स्वास्थ्य विभाग को भी दवाओं की क्वालिटी जांच में सहयोग देना होगा। इस बैठक में बेहतर समन्वय और सूचना का आदान-प्रदान करना होगा
नयी नीतियों का मार्गदर्शन
स्वास्थ्य मंत्रालय इस बैठक के बाद कड़े दिशा-निर्देश जारी करेगा जिसके तहत देशभर में दवा कंपनियों की गतिविधियों की नियमित जांच और फेल उत्पादों की तत्काल रिकॉल प्रक्रिया अनिवार्य होगी। इसे लेकर ड्रग कंट्रोलर को अधिकारिक रूप से अधिक शक्ति भी दी जाएगी जिससे तुरंत कार्रवाई कर सकें। इस प्रकार की प्रभावी नीति से भविष्य में मौतों को रोकने में मदद मिलेगी और जनता का अस्पतालों और दवाओं पर भरोसा बढ़ेगा।
कफ सिरप से मौतों की घटना ने देश में दवाओं की गुणवत्ता और सुरक्षा को लेकर चेतावनी जारी की है। केंद्रीय स्वास्थ्य सचिव की बुलाई गई इस बैठक से यह उम्मीद है कि स्वास्थ्य और ड्रग विभाग की कार्यप्रणाली में सुधार होगा
बच्चों की सुरक्षा के लिए ठोस कदम उठाए जाएंगे। समन्वित प्रयासों से ही भविष्य में ऐसी गंभीर घटनाओं को रोका जा सकता है और सभी राज्यों में दवा नियंत्रण की व्यवस्था सुदृढ़ होगी।केंद्र सरकार ने कफ सिरप से हुई बच्चों की मौत के बाद सख्त प्रतिक्रिया दी है। दवाओं की गुणवत्ता नियंत्रण व सुरक्षा को लेकर चर्चा होगी। इस बैठक का मकसद दवा उद्योग में कड़े नियम लागू करना और भविष्य में ऐसे जहरीले घटनाओं को रोकना है।
