उज्जैन महाकाल मंदिर विवाद: गर्भगृह से नंदी हाल तक फैला विवाद
उज्जैन महाकाल मंदिर विवाद: उज्जैन के प्रसिद्ध महाकालेश्वर मंदिर में आज एक बड़ा विवाद सामने आया। मंदिर के महेश पुजारी और ऋणमुक्तेश्वर मंदिर के गादीपति महंत योगी महावीर नाथ जी महाराज के बीच दर्शन व्यवस्था को लेकर तीखी बहस हुई। यह विवाद गर्भगृह में शुरू होकर नंदी हाल तक पहुंच गया, जहां झूमाझटकी की स्थिति बनी।

विवाद की शुरुआत और दोनों पक्षों के आरोप-प्रत्यारोप
बताया जा रहा है कि महेश पुजारी गर्भगृह में थे, तब नाथ संप्रदाय के महंत योगी महावीर नाथ गोरखपुर के संतों के साथ दर्शन करने आए। इस दौरान पुजारी ने महंत योगी की पगड़ी उतारने को कहा, जिससे दोनों पक्षों के बीच कड़वी नोकझोंक और अभद्र भाषा का प्रयोग हुआ।
संत समाज ने इस घटना को मंदिर की मर्यादा के खिलाफ बताते हुए पुजारी के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की है। स्थानीय अखाड़ा परिषद ने भी कलेक्टर से इस मामले पर हस्तक्षेप करने और पुजारी को मंदिर से निष्कासित करने की मांग की है।

उज्जैन महाकाल मंदिर विवाद:

मंदिर के प्रशासक प्रथम कौशिक ने बताया कि विवाद की सूचना मिलने के बाद प्रबंध समिति ने जांच शुरू कर दी है। दोनों पक्षों से बातचीत कर जल्द ही विवाद का समाधान निकाला जाएगा।
दोनों पक्षों के बयान
उज्जैन महाकाल मंदिर विवाद: महेश पुजारी का आरोप है कि नाथ संप्रदाय के संत बार-बार विवाद मचाते हैं, उन्होंने मंदिर की मर्यादा का उल्लंघन किया और उन्हें जान से मारने की धमकी भी मिली। वहीं महंत योगी महावीर नाथ कहते हैं कि पुजारी का व्यवहार अनुचित था और उन्होंने उनके साथ अभद्रता की। उन्होंने भी पुजारी के खिलाफ कार्रवाई की मांग की है।
