Mahakal Temple New Year Crowd: नए साल पर देश के अलग-अलग राज्यों से लाखों श्रद्धालु बाबा महाकाल के दर्शन के लिए पहुंचे। शहर की संकरी गलियों में यह भारी भीड़ पुलिस के लिए बड़ी चुनौती बन गई। लेकिन इस चुनौती से निपटने के लिए उज्जैन पुलिस ने गूगल मैप का सहारा लिया, जो पहली बार किसी मंदिर ट्रैफिक मैनेजमेंट में इस्तेमाल किया गया।
Also Read-Mahakaleshwar Temple: महाकाल मंदिर के गर्भगृह में संत-पुजारी की एंट्री पर बैन, सिर्फ दर्शन की अनुमति

Mahakal Temple New Year Crowd: गूगल मैप के जरिए ट्रैफिक डायवर्ज़न
महाकाल मंदिर में रोजाना डेढ़ से दो लाख श्रद्धालु आते हैं. सामान्य दिनों में शहर में 5-6 हजार वाहन आते हैं, छुट्टियों में यह संख्या 10-12 हजार तक बढ़ जाती है. उज्जैन पुलिस ने आईटी विशेषज्ञों और साइबर टीम की मदद से गूगल मैप के रूट सिस्टम को अपडेट किया। अब जैसे ही किसी मार्ग पर भीड़ या जाम की स्थिति बनती है, उस मार्ग को गूगल मैप से तुरंत हटा दिया जाता है और वैकल्पिक रास्ते एक्टिव कर दिए जाते हैं.
Mahakal Temple New Year Crowd: श्रद्धालुओं को दिखेंगे आगे का रास्ता
बाहर से आने वाले श्रद्धालु अब केवल वही रास्ते देख पाएंगे. जिन्हें पुलिस ने तय किया है. भीड़भाड़ वाले और संकरे रास्तों को मैप से ब्लॉक कर दिया गया है, जबकि बाहरी रिंग रोड और डेडिकेटेड पार्किंग रूट को ही नेविगेशन में दिखाया जा रहा है. सुबह 8 बजे से रात 10 बजे तक पुलिस की 10 सदस्यीय टीम रियल-टाइम ट्रैफिक मॉनिटरिंग करती है। जाम वाले मार्ग को तुरंत डायवर्ट कर दिया जाता है और केवल खाली वैकल्पिक मार्ग ही गूगल मैप पर दिखता है।
भस्म आरती और VIP दर्शन में बदलाव
महाकाल मंदिर समिति ने नव वर्ष की भारी भीड़ को देखते हुए 25 दिसंबर से 5 जनवरी तक भस्म आरती की ऑनलाइन बुकिंग बंद कर दी है. श्रद्धालु केवल ऑफलाइन बुकिंग करा सकेंगे. 1 जनवरी की भस्म आरती के लिए दोनों प्रकार की बुकिंग पूरी तरह बंद रहेगी. बीते तीन दिनों में 5.50 लाख श्रद्धालुओं के दर्शन हुए. अब 5 जनवरी तक प्रोटोकॉल (VIP) दर्शन भी सीमित रहेगा और केवल वीवीआईपी श्रद्धालुओं को सुविधा मिलेगी।
