Take Care of Yourself During Fast: नवरात्रि, यह हिंदुओं के विशेष त्योहारों में से एक पवित्र पर्व है, जिसमें मां दुर्गा के साथ उनके सभी रुपो की पूजा की जाती है, यह त्योहार 9 – 10 दिनों तक चलता है, कई श्रद्धालु माता की पूजा करने के साथ – साथ उपवास भी रखते है, जिसकी वजह से वो कई बार लंबे समय तक भूखा रहने के बाद एक बार में ही जरुरत से ज्यादा आहार ले लेते है। जिसकी वजह से गैस, एसिडिटी जैसी समस्याएं उत्पन्न हो सकती हैं। इन समस्याओं से निपटने के लिए व्रत के दौरान कुछ सावधानियां रखने की जरुरत है। आइए आज जाने की व्रत के दौरान इन समस्याओं से कैसे बचें…
व्रत में एसिडिटी की हो सकती है समस्या
पानी की कमी से
नवरात्रि के दौरान कई लोग या तो निर्जाला व्रत रहते है, या पानी कम ही पीते हैं, जिसकी वजह से शरीर में पानी की कमी हो जाती है, और पेट में जलन और एसिडिटी हो सकती है। इसके कारण शरीर में डिहाइड्रेशन भी हो सकता है, जो गैस और एसिडिटी को बढ़ा देता है।

ऑयली पदार्थ के सेवन से
नवरात्रि में आमतौर पर आलू, सिंघाड़े के आटे का हलवा , साबूदाना की खिचड़ी, मखाने की खीर, कच्ची मलाई, फल, आदि खाते हैं। कई लोग पूरी, सबुदाना के बड़े, आदि इनमें से कुछ खाद्य पदार्थो में भारी मात्रा में मौजूद होता है, जिससे पाचन पर दबाव पड़ता है और गैस तथा एसिडिटी की समस्या उत्पन्न हो सकती है।
एक साथ अधिक मात्रा में खाने से
उपवास के दौरान भूख के कारण लोग एक बार में ही बहुत अधिक खा लेते हैं। इससे पेट पर अत्यधिक दबाव पड़ता है और पाचन में समस्या उत्पन्न होती है। यही वजह है कि गैस और एसिडिटी की समस्या होने लगती है।

फल की अधिक मात्रा में खाने से..
व्रत में फल जैसे केले, अनार, सेब, संतरे, अमरूद आदि का अधिक सेवन करने से पेट में गैस बन सकती है। फल में प्राकृतिक शर्करा (फ्रक्टोज) होती है, जो कभी-कभी पाचन तंत्र में समस्या पैदा कर देता हैं।
असमय भोजन
जो लोग व्रत रहते है, वो अक्सर उपवास के दौरान भोजन को सही समय में ग्रहण नहीं करते। कभी सुबह जल्दी तो कभी रात को देर से भोजन करते हैं, जिससे पाचन तंत्र में असंतुलन उत्पन्न होता है जिससे गैस या एसिडिटी की समस्या उत्पन्न हो सकती है।
इन बातों का रखे ध्यान
संतुलित आहार लें
उपवास के दौरान संतुलित आहार का सेवन करना चाहिए। साबूदाना, सिंघाड़े का आटा, कच्चे केले, मखाने, खीरा, टमाटर और हरी पत्तेदार सब्जियाँ खा सकते हैं, जो हल्के होते हैं और आसानी से पचते हैं।

पर्याप्त पानी का सेवन करें
नवरात्रि के दौरान खास ध्यान रखें कि आप पर्याप्त पानी पिएं। शरीर को हाइड्रेटेड रखना अत्यंत महत्वपूर्ण है। पानी से पेट में जलन की समस्या कम हो जाती है और पाचन तंत्र सही रहता है। हर घंटे में थोड़ा-थोड़ा पानी पीने की आदत डालें, विशेषकर यदि उपवास कर रहे हों।
हल्का भोजन करें
उपवास के दौरान अधिक मात्रा में भोजन करने से बचें। एक साथ खाने की जगह कोशिश करें कि हर 2-3 घंटे में थोड़ा-थोड़ा खाएं। इससे पाचन तंत्र पर दबाव नहीं पड़ेगा और गैस तथा एसिडिटी से बच सकते हैं।
