State Wildlife Board Meeting: मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने राज्य वन्य प्राणी बोर्ड की 31वीं बैठक और राज्य स्तरीय स्टीयरिंग कमेटी की बैठक में कहा कि बढ़ती वन्यजीव संख्या के साथ मानव-वन्यजीव सह-अस्तित्व को बढ़ावा देना समय की आवश्यकता है।

साथ ही उन्होंने अधिकारियों को व्यापक जन-जागरूकता अभियान चलाने और नागरिकों को आवश्यक सतर्कता उपायों की जानकारी देने के दिशा निर्देश दिए।वहीं मुख्यमंत्री डॉ मोहन ने प्रदेश में वन्य जीव पर्यटन को प्रोत्साहित करने के लिए सभी आवश्यक कदम उठाने के निर्देश भी दिए।उन्होंने वन विभाग और पर्यटन विभाग के बीच समन्वय को और मजबूत करने पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि वन्यजीव पर्यटन को योजनाबद्ध तरीके से प्रोत्साहित किया जाए।
बैठक में मुख्यमंत्री ने दिए अहम निर्देश
मध्यप्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव की अध्यक्षता में मंत्रालय में राज्य वन्य प्राणी बोर्ड की 31वीं बैठक और राज्य स्तरीय स्टीयरिंग कमेटी की बैठक हुई। मुख्यमंत्री ने बैठक में कहा कि प्रभावी संरक्षण प्रयासों के कारण प्रदेश में वन्यजीवों की संख्या में उल्लेखनीय वृद्धि हुई है।
State Wildlife Board Meeting: वन्यजीव पर्यटन को बढ़ावा दिया जाएगा
इसी के साथ वन एवं पर्यटन विभाग के बीच बेहतर समन्वय स्थापित कर वन्यजीव पर्यटन को प्रोत्साहित करने की बात कही गई। बैठक में मुख्यमंत्री ने स्कूली बच्चों को वन और वन्यजीवों से जोड़ने के उद्देश्य से संचालित किए जा रहे ‘अनुभूति कार्यक्रम’ के विस्तार पर विशेष बल दिया।
मगरमच्छ और गौर असम को उपलब्ध कराए जाएंगे
State Wildlife Board Meeting: मुख्यमंत्री डॉ मोहन यादव ने निर्देश दिए कि अधिक से अधिक विद्यालयों को इस पहल से जोड़ा जाए ताकि नई पीढ़ी में जैव विविधता संरक्षण और पर्यावरणीय जिम्मेदारी के प्रति संवेदनशीलता विकसित हो।बैठक में बताया गया कि असम से 50 जंगली भैंसें, गेंडों का जोड़ा और किंग कोबरा लाए जाएंगे, जबकि मध्यप्रदेश से टाइगर, मगरमच्छ और गौर असम को उपलब्ध कराए जाएंगे।
