41 दिन बाद सौरभ शर्मा ने किया कोर्ट में सरेंडर
Saurabh Sharma surrender: राजधानी भोपाल से इस वक्त की बड़ी खबर सामने आ रही है आपको बता दें कि भोपाल में 41 दिन बाद सौरभ शर्मा ने भोपाल कोर्ट में सरेंडर कर दिया है। सौरभ शर्मा जो पिछले एक महीने से IT और लोकायुक्त के छापे के बाद फरार था… 17 दिसंबर को अपने घर पर हुए छापे के बाद से ही तलाश में था। उस समय सौरभ के पास करोड़ों की संपत्ति मिलने की खबरें आई थीं और उसके दोस्त चेतन सिंह गौर की कार से भारी मात्रा में सोना भी बरामद हुआ था।
RTO में कांस्टेबल था सौरभ शर्मा

Saurabh Sharma surrender: कांस्टेबल सौरभ शर्मा जो RTO में कांस्टेबल था और बाद में VRS ले चुका था पर उसके पिता के निधन के बाद अनुकंपा नियुक्ति मिलने को लेकर सवाल खड़े हुए थे। इस नियुक्ति को लेकर विवाद भी हुआ था क्योंकि सौरभ शर्मा का भाई सरकारी नौकरी में पहले से था।
जमानत याचिका हुई थी खारिज

Saurabh Sharma surrender: जमानत याचिका खारिज होने के बाद सौरभ शर्मा के सरेंडर के संकेत मिल रहे थे। इसके बाद से आयकर विभाग और ED ने उसकी संपत्तियों की जांच शुरू कर दी थी। आपको बतादें की अब सौरभ के सरेंडर के बाद इन एजेंसियों को उससे पूछताछ करने का मौका मिलेगा।
कार में मिला था 54 किलो गोल्ड
Saurabh Sharma surrender: बता दें कि 17 दिसंबर को सौरभ के घर पर छापे के बाद अगले दिन एक कार में 54 किलो सोना पाया गया था। जो कि कार सौरभ शर्मा के दोस्त चेतन सिंह गौर के नाम पर रजिस्टर्ड थी… हालांकि इस कार का इस्तेमाल सौरभ के कार्यालय के लोग कर रहे थे।
