CM ने दिए निर्देश
बैठक में मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को MoUs के त्वरित और प्रभावी क्रियान्वयन के लिए स्पष्ट दिशा-निर्देश दिए। उन्होंने निवेश प्रस्तावों को समयबद्ध तरीके से लागू करने और परियोजनाओं में तेजी लाने पर बल दिया। भजनलाल शर्मा ने कहा कि राइजिंग राजस्थान ग्लोबल इन्वेस्टमेंट समिट राजस्थान के समग्र विकास और औद्योगिक समृद्धि के लिए एक महत्वपूर्ण कदम है। इस समिट के तहत हुए निवेश प्रस्ताव प्रदेश के विकास को गति प्रदान करेंगे, बशर्ते इनका कार्यान्वयन पारदर्शी और समन्वित तरीके से हो। उन्होंने अधिकारियों से निवेशकों के साथ निरंतर संवाद बनाए रखने और प्रक्रियाओं में किसी भी प्रकार की देरी से बचने के लिए निर्देश दिए।
आज मुख्यमंत्री निवास पर ‘राइजिंग राजस्थान ग्लोबल इन्वेस्टमेंट समिट 2024’ के अंतर्गत नगरीय विकास, पर्यटन, सूचना प्रौद्योगिकी, खान, नागरिक उड्डयन तथा कृषि क्षेत्रों में संपन्न हुए MoUs के संदर्भ में अधिकारियों के साथ बैठक ली।
इस दौरान उपस्थित अधिकारियों को एमओयू के प्रभावी… pic.twitter.com/qUTolVujEp
— Bhajanlal Sharma (@BhajanlalBjp) June 11, 2025
Rising Rajasthan Summit 2024: प्रमुख क्षेत्रों पर फोकस
इस समीक्षा बैठक में नगरीय विकास, पर्यटन, सूचना प्रौद्योगिकी, खान, नागरिक उड्डयन और कृषि जैसे क्षेत्रों में हुए MoUs पर विशेष ध्यान दिया गया। मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को इन क्षेत्रों में निवेश प्रस्तावों को लागू करने में तेजी लाने और निवेशकों को हर संभव सहायता प्रदान करने के लिए कहा। विशेष रूप से, पर्यटन और नागरिक उड्डयन जैसे क्षेत्रों में निवेश से राजस्थान की वैश्विक पहचान को और मजबूती मिलने की उम्मीद है। इसके अलावा, सूचना प्रौद्योगिकी और खान क्षेत्र में निवेश से रोजगार सृजन और आर्थिक विकास को बढ़ावा मिलेगा। कृषि क्षेत्र में हुए MoUs से ग्रामीण अर्थव्यवस्था को सशक्त करने में मदद मिलेगी।
पारदर्शिता और समन्वय पर जोर
Rising Rajasthan Summit 2024: मुख्यमंत्री ने बैठक में निवेश प्रक्रियाओं में पारदर्शिता और समन्वय को सुनिश्चित करने पर विशेष बल दिया। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि सभी प्रक्रियाएं निष्पक्ष और समयबद्ध हों, ताकि निवेशकों का भरोसा बना रहे। भजनलाल शर्मा ने यह भी सुनिश्चित करने को कहा कि जुलाई 2025 तक एक लाख करोड़ रुपये के MoUs की ग्राउंड ब्रेकिंग हो। यह कदम राजस्थान को 350 बिलियन डॉलर की अर्थव्यवस्था बनाने के लक्ष्य की दिशा में महत्वपूर्ण है। मुख्यमंत्री ने तीन-स्तरीय निगरानी संरचना की भी समीक्षा की, जो निवेश प्रस्तावों के कार्यान्वयन को सुचारू बनाने के लिए बनाई गई है।
