Ram Lalla Surya Tilak: आज रामनवमी है। ये पर्व हिंदू धर्म के प्रमुख पर्व में से एक है। इसे भगवान श्रीराम के जन्मोत्सव के रूप में मनाया जाता है। यह पर्व चैत्र नवरात्रि के नौवें दिन आता है और पूरे देश में बड़ी श्रद्धा और भक्ति के साथ मनाया जाता है। हिंदू पंचांग के अनुसार, नवमी तिथि की शुरुआत 26 मार्च की सुबह 11:48 बजे से हुई और 27 मार्च को सुबह 10:06 बजे तक रहेगी।

9 मिनट तक सूर्य तिलक
अयोध्या में रामनवमी पर दोपहर 12 बजे से रामलला का सूर्य तिलक हुआ। राम मंदिर में प्राण-प्रतिष्ठा के बाद रामलला का यह दूसरा सूर्य तिलक है। दोपहर 12 बजे अभिजीत मुहूर्त में रामलला का सूर्य तिलक किया गया। 9 मिनट तक भगवान रामलला के ललाट पर नीली किरणें पड़ीं। इस दौरान 14 पुजारी गर्भगृह में मौजूद रहे। विशेष पूजा हुई। इसके बाद आरती की गई। सूर्य तिलक के बाद कुछ देर के लिए रामलला का पट बंद कर दिए गए। फिर रामलला को 56 तरह के व्यंजन का भोग लगाया गया।
Ram Lalla Surya Tilak: रामलाला का श्रृंगार
इससे पहले, गर्भगृह को फूलों से सजाया गया। सुबह 5.30 बजे रामलला की आरती हुई। भगवान को स्वर्ण जड़ित पीतांबर पहनाए गए। आज आम दिनों के मुकाबले भक्त 3 घंटे ज्यादा रामलला के दर्शन कर पाएंगे। सुबह 5 बजे से रात 11 बजे तक यानी 18 घंटे भगवान के दर्शन होंगे। पहले सुबह 6:30 से रात 9:30 तक दर्शन होते थे। आज करीब 10 लाख लोग रामलला के दर्शन करने पहुंचे हैं। राम जन्मभूमि में लंबी लाइनें लगी हैं। राम पथ, भक्ति पथ और जन्मभूमि पथ पर भीड़ है।
PM ने किए दर्शन
पीएम नरेंद्र मोदी ने टीवी पर रामलला का सूर्य तिलक देखा। इस दौरान मोदी हाथ जोड़कर खड़े नजर आए। राम नवमी के अवसर पर रामलला के लिए विशेष पीतांबर वस्त्र तैयार किए गए। इन दिव्य वस्त्रों को बनाने में 3 महीने से ज्यादा का समय लगा। वस्त्र असम के एरी सिल्क से तैयार किए गए, जो अपनी कोमलता और प्राकृतिक गुणों के लिए प्रसिद्ध है।

हाईअलर्ट पर अयोध्या
रामनवमी पर अयोध्या में सुरक्षा व्यवस्था पूरी तरह चाक-चौबंद कर दिया गया। श्रद्धालुओं की भारी भीड़ को देखते हुए प्रशासन ने अयोध्या को हाईअलर्ट पर रखा है। पूरे शहर में UP पुलिस के साथ-साथ NDRF, STF और NSG कमांडो की तैनाती की गई है। संवेदनशील इलाकों में अतिरिक्त फोर्स लगाई गई है। हर गतिविधि पर निगरानी रखी जा रही है।
