Punjab politics: रविवार को पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत मान ने भारतीय राजनीति में हालिया अदालती फैसले को ‘सच्चाई की ऐतिहासिक जीत’ करार दिया. वे बोले कि आम आदमी पार्टी के राष्ट्रीय संयोजक अरविंद केजरीवाल और अन्य नेताओं को बरी किए जाने से पार्टी को राष्ट्रीय स्तर पर नई मजबूती मिली है.
दिल्ली में केजरीवाल के नेतृत्व में आयोजित रैली को वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से संबोधित करते हुए मान ने भाजपा पर सीधा हमला बोला और दावा किया कि 2027 के पंजाब विधानसभा चुनावों में पार्टी 100 सीटें जीतेगी.

‘तानाशाही शासन’ को हराने का मान ने किया दावा
मुख्यमंत्री ने आगे कहा कि पंजाब भाजपा शासन के अंत का नेतृत्व करेगा. उन्होंने भाजपा सरकार को “तानाशाही शासन” बताते हुए कहा, “ऐसी राजनीति के खिलाफ जीत की शुरुआत पंजाब से होगी. पंजाब जहां जाता है, पूरा देश उसका अनुसरण करता है.”
उन्होंने यह भी कहा कि वर्ष 2027 पूरे देश में बदलाव की नई शुरुआत का प्रतीक बनेगा.
CM मान ने उठाया बकाया जीएसटी और बाढ़ राहत राशि का मुद्दा
भाजपा पर पुनः प्रहार करते हुए CM मान ने केंद्र सरकार पर वस्तु एवं सेवा कर (GST) की बकाया राशि रोकने और राज्य के लिए घोषित 1,600 करोड़ रुपये की बाढ़ राहत राशि जारी न करने का आरोप लगाया. उन्होंने कहा कि जनता इन अन्यायों का जवाब एक सशक्त लोकतांत्रिक जनादेश के जरिए देगी. बढ़ती तेल कीमतों का जिक्र करते हुए कहा उन्होंने कहा कि पहले जिन मुद्दों का विरोध किया गया, आज उन्हें “मास्टरस्ट्रोक” कहा जा रहा है.
नेताओं की जेल में होने के बावजूद हुई जीत
जालंधर उपचुनाव के दौरान वरिष्ठ नेताओं के जेल में होने का उल्लेख करते हुए मान ने कहा कि निर्णय प्रक्रिया प्रभावित हुई थी, लेकिन बैकअप टीम के साथ आम आदमी पार्टी ने काम जारी रखा. उन्होंने बताया कि बैठकों में केजरीवाल पंजाब में मुफ्त बिजली और सिंचाई योजनाओं की प्रगति के बारे में लगातार पूछते थे और भ्रष्टाचार के खिलाफ सख्त कार्रवाई करने के निर्देश देते थे.
CM मान के दावों के अनुसार, विपरीत परिस्थितियों के बावजूद पार्टी जालंधर उपचुनाव और मध्य प्रदेश की एक अन्य सीट बड़े अंतर से जीती, जिससे संगठन का संकल्प और मजबूत हुआ.
