BJP सांसदों की दो दिवसीय वर्कशॉप
दिल्ली में चल रही BJP सांसदों की दो दिवसीय वर्कशॉप का पहला दिन बेहद दिलचस्प रहा। सबसे चौंकाने वाली तस्वीर सामने आई – प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी खुद सबसे पीछे की सीट पर बैठे हुए नजर आए!

भाजपा सांसद रवि किशन और राज्यसभा सांसद संगीता बलवंत ने यह तस्वीर X (पूर्व ट्विटर) पर शेयर की, जो सोशल मीडिया पर वायरल हो गई है।
वर्कशॉप का मकसद: उपराष्ट्रपति चुनाव से पहले सटीक ट्रेनिंग
यह वर्कशॉप 9 सितंबर को होने वाले उपराष्ट्रपति चुनाव को ध्यान में रखते हुए आयोजित की गई है। दो दिन की वर्कशॉप में कुल 4 सेशन होंगे। BJP सांसदों को सिखाया जा रहा है कि कैसे बैलट पेपर पर सही तरीके से निशान लगाना हैनिर्धारित पेन का उपयोग करना हैबैलट को सही तरीके से मोड़कर बॉक्स में डालना है
❗ क्योंकि गुप्त मतदान में पार्टी व्हिप लागू नहीं होता, इसलिए क्रॉस वोटिंग और अमान्य वोट NDA के लिए बड़ा खतरा हैं।
GST स्लैब में बदलाव के लिए PM मोदी को धन्यवाद
वर्कशॉप के दौरान GST स्लैब में हालिया बदलाव के लिए प्रधानमंत्री मोदी को धन्यवाद भी दिया गया। ये कदम छोटे व्यापारियों और उपभोक्ताओं के हित में माना जा रहा है।
NDA की रणनीति: 100% वोटिंग, क्रॉस वोटिंग शून्य
NDA चाहता है कि कोई भी सांसद गलती न करे और हर वोट वैध हो। विपक्ष की ओर से I.N.D.I.A गठबंधन के कैंडिडेट जस्टिस (रि.) बी सुदर्शन रेड्डी का सामना NDA के सीपी राधाकृष्णन से होगा।
PM मोदी ने NDA डिनर रद्द किया, बाढ़ प्रभावित राज्यों का दौरा करेंगे
8 सितंबर को PM मोदी की ओर से NDA सांसदों के लिए डिनर रखा गया था, जिसे बाढ़ की स्थिति को देखते हुए रद्द कर दिया गया है।प्रधानमंत्री अब दिल्ली, पंजाब, हरियाणा, गुजरात जैसे बाढ़ प्रभावित राज्यों का दौरा और रिव्यू मीटिंग करेंगे।
NDA को मिल रहा समर्थन, विपक्ष में हलचल
वाईएसआर कांग्रेस के 11 सांसदों का NDA को समर्थन मिल चुका है। अब बीजेडी और बीआरएस को साधने की कोशिश चल रही है। वहीं I.N.D.I.A ब्लॉक इन पार्टियों को क्षेत्रीय प्रतिनिधित्व के आधार पर साथ लाने की कोशिश में है।
![]()
उपराष्ट्रपति चुनाव क्यों हो रहा है?
वर्तमान उपराष्ट्रपति जगदीप धनखड़ ने 21 जुलाई की रात अचानक इस्तीफा दे दिया। उनका कार्यकाल 2027 तक था। इसके चलते नया उपराष्ट्रपति चुनने की प्रक्रिया शुरू की गई है।
तस्वीर: सबसे पीछे बैठे मोदी
सोशल मीडिया पर वायरल हुई तस्वीर में PM मोदी सबसे पीछे बैठे दिखे। बीजेपी नेता इसे “विनम्र नेतृत्व का प्रतीक” बता रहे हैं। आलोचक इसे “प्रशिक्षण में सबके समान भागीदारी” का राजनीतिक संदेश मान रहे हैं।
ये सिर्फ ट्रेनिंग नहीं, 2026 की तैयारी है?
-
2026 में बड़े राज्य चुनाव और 2027 में अगला राष्ट्रपति चुनाव होना है।
-
इस वर्कशॉप को सिर्फ एक तकनीकी प्रशिक्षण न मानें यह बीजेपी की दीर्घकालिक चुनावी रणनीति का हिस्सा है।
BJP चुनाव से पहले कुछ भी ‘रिस्क’ नहीं लेना चाहती
चाहे बैलट पेन हो या उम्मीदवार चयन BJP हर मोर्चे पर ‘सटीकता’ चाहती है। और PM मोदी का पीछे बैठना शायद दिखाता है कि इस बार हर सांसद को पहले कतार में लाना उनकी प्राथमिकता है।

Watch Now :- US ने भारत पर 50% टैरिफ लगाया
