PM Modi Maoist free India : छत्तीसगढ़ के 25वें स्थापना दिवस के मौके पर आयोजित रजत महोत्सव में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने बड़ी घोषणा की। उन्होंने कहा कि छत्तीसगढ़ और पूरे देश का हर कोना जल्द ही माओवादी आतंक से मुक्त होगा। यह दिन दूर नहीं है जब माओवादी हिंसा पूरी तरह समाप्त हो जाएगी और सभी क्षेत्र शांति और विकास की राह पर आगे बढ़ेंगे।
माओवादी प्रभावित जिलों में कमी
प्रधानमंत्री मोदी ने कहा,कि पिछले 11 वर्षों में माओवादी प्रभावित जिलों की संख्या पहले से कम हुई है। यह एक बड़ी उपलब्धि है जो छत्तीसगढ़ के विकास और सुरक्षा प्रयासों का परिणाम है। उन्होंने कहा कि पूर्व में माओवादी आतंकवाद ने आदिवासी इलाकों को बुनियादी सुविधाओं से वंचित रखा था और स्थानीय लोगों को भारी कष्ट झेलना पड़ा था।
माओवादी समस्या पर स्पष्ट संदेश
मोदी ने कहा कि 50 वर्षों तक माओवादी हिंसा के कारण प्रदेश के लोगों ने अतुलनीय पीड़ा सहनी पड़ी। वे उन नेताओं की आलोचना की जिन्होंने केवल दिखावा किया और वास्तविक विकास के बजाय राजनीतिक हितों के लिए लोगों के साथ अन्याय किया। अब स्थिति बदल चुकी है और माओवादी आतंक से मुक्ति की दिशा में ठोस कदम उठाए गए हैं।
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विकास और शांति की सुबह
प्रधानमंत्री ने बताया कि हाल के महीनों में बड़ी संख्या में माओवादी हथियार डालकर शांति का मार्ग चुन रहे हैं। खासकर बस्तर और कांकर जैसे इलाकों में भारी संख्या में नक्सली समूहों ने आत्मसमर्पण किया है। जहां पहले हथियार और धमकी का दौर था, वहां अब विकास कार्य जोरों से चल रहे हैं। बिजली, सड़क, स्कूल, और अस्पताल जैसे आधारभूत संसाधन पहुंचाए जा रहे हैं।
आदिवासी विकास को दी प्राथमिकता
मोदी ने आदिवासी इलाकों के विकास की बात करते हुए बताया कि अब वहां के लोगों को सब कुछ मिल रहा है जो दशकों तक नक्सलवाद के कारण छिन गया था। यह सरकार का प्रयास है कि हर आदिवासी और ग्रामीण को सशक्त बनाया जाए और उनका जीवन स्तर बेहतर हो। प्रधानमंत्री ने युवाओं को आगे आकर प्रदेश के विकास में सक्रिय भूमिका निभाने का आह्वान किया।
छत्तीसगढ़ के रजत महोत्सव में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने माओवादी समस्या के समाधान और प्रदेश के विकास की नई दिशा का भरोसा दिलाया। उनका यह संदेश प्रदेशवासियों के लिए आशा और प्रेरणा का स्रोत है। छत्तीसगढ़ एक नए युग में प्रवेश कर रहा है, जहां शांति, विकास और समृद्धि का सवेरा होगा।
