फलोदी का दर्दनाक हादसा: सड़क पर मौत का मंजर

phalodi tempo accident 2025: राजस्थान के फलोदी जिले के मतोड़ा क्षेत्र में शनिवार शाम एक दिल दहला देने वाला हादसा हुआ। भारत माला हाईवे पर खड़े ट्रेलर में पीछे से जा रहा टेंपो ट्रेवलर तेज रफ्तार में जा टकराया। टक्कर इतनी भयानक थी कि पलभर में 18 यात्रियों की मौत हो गई, जबकि दो लोग गंभीर रूप से घायल हो गए। हादसे के बाद सड़क पर चारों ओर चीख-पुकार मच गई, वाहन के परखच्चे उड़ गए और देखने वालों की रूह कांप उठी।
कोलायत दर्शन से लौट रहे थे सभी यात्री
जानकारी के मुताबिक, टेंपो ट्रेवलर में सवार सभी यात्री जोधपुर के सूरसागर इलाके के रहने वाले थे। वे बीकानेर जिले के कोलायत में कपिल मुनि आश्रम में दर्शन के बाद लौट रहे थे। रास्ते में मतोड़़ा थाना क्षेत्र में हादसा हुआ, जब ट्रेवलर ने आगे चल रहे ट्रक को ओवरटेक करने की कोशिश की और साइड में खड़े ट्रेलर से जा भिड़ा। टक्कर इतनी जबरदस्त थी कि ट्रैवलर का अगला हिस्सा पूरी तरह चकनाचूर हो गया। गाड़ी में सवार महिलाएं और बच्चे भीतर ही फंस गए। ग्रामीणों ने खिड़कियां तोड़कर शवों और घायलों को बाहर निकाला।
थाना अधिकारी अमानाराम ने बताया कि
शाम करीब साढ़े छह बजे हादसा हुआ। ट्रेवलर में सवार 15 लोगों की मौके पर ही मौत हो गई। दो घायलों को तुरंत जोधपुर रेफर किया गया है।
4 बच्चे और 10 महिलाएं भी शामिल
मरने वालों में चार बच्चे, 10 महिलाएं और ड्राइवर शामिल हैं। कई शवों की पहचान अब तक नहीं हो पाई है। फलोदी से छह एम्बुलेंस घटनास्थल पर भेजी गईं। सभी शवों को ओसियां के सरकारी अस्पताल की मॉर्च्युरी में रखवाया गया है। राहगीरों के अनुसार, “मौके पर कोई भी ऐसा नहीं बचा था जो नाम-पता बता सके।” कई परिवारों को हादसे की सूचना मिलते ही जोधपुर से रवाना किया गया।
ओवरटेक में पलभर की चूक बनी मौत का कारण
प्रत्यक्षदर्शी महिपाल सारण ने बताया,
सड़क के किनारे कुछ छोटे ढाबे बने हैं। एक ट्रेलर ढाबे के आगे खड़ा था। ट्रेवलर तीसरी लेन से ट्रक को ओवरटेक कर रहा था कि अचानक ट्रेलर से जा भिड़ा।
हादसे के बाद मौके पर लोगों की भीड़ लग गई। कई राहगीर मदद के लिए दौड़े, जबकि कुछ लोग घायलों को कारों से अस्पताल तक ले गए। हाईवे पर लंबा जाम लग गया, जिसे बाद में पुलिस ने खुलवाया।

प्रशासन ने बनाया ग्रीन कॉरिडोर
जोधपुर पुलिस कमिश्नर ओम प्रकाश पासवान ने कहा कि
“हमने घायलों को जल्दी अस्पताल पहुंचाने के लिए ग्रीन कॉरिडोर बनाया है। फिलहाल प्राथमिकता घायलों की जान बचाने की है।”
मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने भी हादसे पर दुख जताते हुए विधायक देवेंद्र जोशी को मौके पर भेजा। उन्होंने जोधपुर के मथुरादास माथुर अस्पताल के अधीक्षक से बात कर घायलों को उच्च स्तरीय उपचार देने के निर्देश दिए। वहीं चिकित्सा मंत्री गजेंद्र सिंह खींवसर ने कहा कि
यह खबर अत्यंत दुखद और हृदयविदारक है। हमने राहत और बचाव कार्यों के लिए सभी प्रशासनिक अधिकारियों को अलर्ट पर रखा है।
एक हादसा, कई परिवारों का अंधकार
यह हादसा सिर्फ एक सड़क दुर्घटना नहीं, बल्कि कई परिवारों के सपनों के उजड़ने की कहानी है। जोधपुर के सूरसागर इलाके में मातम पसरा है। कई घरों के चिराग बुझ गए, कई मांओं की गोद सूनी हो गई। राजस्थान में सड़क हादसों की संख्या लगातार बढ़ रही है। विशेषज्ञों का कहना है कि ओवरटेकिंग, हाई स्पीड और सड़क किनारे खड़े वाहनों की वजह से ऐसे हादसे बढ़ रहे हैं।
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