पुलिस ने 91 डीजे संचालकों का बजाया ‘बेंड’
Mp news:मध्यप्रदेश की राजधानी में डीजे की तेज आवाज ने एक मासूम बच्चे की जान ले ली. 5 वीं कक्षा में पढ़ने वाला 12 साल का मासूम झांकी देखने गया था. जहां दुर्गा विसर्जन के लिए डीजे की तेज आवाज से बच्चे की मौत हो गई. जिसको लेकर पुलिस प्रशासन ने डीजे बजाने वाले 91 डीजे संचालकों पर कानूनी कार्रवाई की है.
Mp news:ड्राइवर के बेटे की डीजे ने ली जान!
मासूम बच्चे के पिता कैलाश बिल्लौरे जो पेशे से एक ड्राइवर हैं ने ये दावा किया है. उनके दो बेटों में बड़ा बेटा 15 साल का है और छोटा बेटा 12 साल का था. सोमवार को दुर्गा विसर्जन के लिए पड़ोस की झांकी में डीजे आया था. इसकी आवाज बहुत तेज थी. जिसकी वजह से मासूम डीजे के पास ही बेहोश होकर गिर पड़ा. अस्पताल ले जाने पर डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया.”
Mp news:डीजे की तेज आवाज क्यों हैं खतरनाक?
डॉक्टरों के मुताबिक “तेज आवाज या डीजे के साउंड से कार्डियो वैस्कुलर डिजीज और हार्ट अटैक का खतरा बढ़ जाता है. असल में बहुत अधिक शोर से ब्लड प्रेशर और ब्लड शुगर तेजी से घटता या बढ़ता है. डीजे की तेज आवाज से बीपी तेजी से अप-डाउन होता है. इससे हाई ब्लड प्रेशर व हार्ट के मरीजों को काफी दिक्कत हो सकती है.”
Mp news:91 डीजे संचालकों पर एक्शन
त्योहार के दौरान पुलिस ने डीजे की फोटोग्राफी एवं वीडियोग्राफी कराई गई. इसके बावजूद बार-बार समझाइश देने के बाद भी डीजे संचालकों ने नियमों का उल्लंघन किया. ऐसे 91 डीजे संचालकों को चिंहित कर उनके खिलाफ बीएनएस की धारा 223, कोलाहल अधिनियम की धारा 7/15 एवं वाहन के मूल स्वरूप को बदलकर डीजे वाहन बनाने के कारण मोटर व्हीकल एक्ट’ की धाराओं के तहत कानूनी कार्रवाई की गई है.
