मोहन कैबिनेट फैसला : विक्रम विश्वविद्यालय का बदला नाम !
मोहन कैबिनेट फैसला : मध्य प्रदेश के सीएम डॉ मोहन यादव की अध्यक्षता में कैबिनेट की बैठक हुई। जिसमें कई अहम फैसलों पर मुहर लगी। CM यादव ने 13 से 19 अपने दुबाई स्पेन यात्रा की जानकारी भी मंत्रियों को दी। बता दें कि स्पेन और दुबई की यात्रा के बाद पहली कैबिनेट बैठक हुई।
मध्य प्रदेश में विश्व स्तरीय डाटा सेंटर बनाया जाएगा।
एमपी में सबसे बड़े डेटा सेंटर बनाने को भी मंजूरी मिल गई है। मंत्री कैलाश विजयवर्गीय ने बताया कि इस बैठक में विधानसभा के मानसून सत्र में पेश होने वाले अनुपूरक बजट और वित्त विधेयकों पर चर्चा की है।
इसी के साथ विजयवर्गीय ने बताया कि…
मध्यप्रदेश में विश्व स्तरीय डाटा सेंटर बनाएंगे सीएम यादव ने अपने विदेश दौरे में डाटा सेंटर का निरीक्षण किया था । डेटा एक्सचेंज और विकास से जुड़े इस सिस्टम में जुड़ेंगे शोधकर्ता और नीति निर्माता भी जुड़ेंगे ।यह डाटा सेंटर तकनीकी क्षेत्र में निवेश और रोजगार के नए अवसर पैदा करेगा।
40 साल का पुरने गांधीसागर बांध का नवीनीकरण….
सोमवार को डॉ मोहन यादव की कैबिनेट बैठक । जिसमें गांधी सागर बांध से जुड़े पावर जनरेशन प्लांट के ऑपरेशन से जुड़े प्रस्ताव को मंजूरी मिली है। यह राणा प्रताप राजस्थान की ओर से 75 मेगावाट का प्लांट भी चलाया जाएगा । 40 साल से चल रहे इस बांध की आयु पूरी हो गई है अब नवीनीकरण के तहत 464 करोड़ की राशी इस पर खर्च की जाएगी ।
बदलेगा विक्रम विश्वविद्यालय का नाम …..
इस बार बाबा महाकाल की सवारी ‘लोक नृत्य’ थीम पर हुई थी, जिसमें गुजरात के आदिवासी नृत्य की विशेष प्रस्तुति हुई थी। सावन भादो में बाबा महाकाल के दर्शन के लिए आने वाले श्रद्धालुओं के लिए और बेहतर प्रबंध किए जाएंगे यह सुनिश्चित किया जाएगा कि श्रद्धालुओं को कोई परेशानी का सामना ना करना पड़े । इसके अलावा विक्रम विश्वविद्यालय का नाम बदलकर ‘सम्राट विक्रमादित्य विश्वविद्यालय’ करने के लिए विधानसभा में विधेयक आएगा।
