Mohali bom blast news: मोहाली के स्कूल-कॉलेजों को सुबह बम से उड़ाने की धमकी मिली। बता दें की सुबह करीब साढ़े 7 बजे भेजे मेल में कहा गया कि इनमें दोपहर 1.11 बजे बम ब्लास्ट होगा. और इस मेल में पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत मान को भी मानव बम से उड़ाने की धमकी दी गई। इसके अलावा 13 फरवरी को दोपहर 2.11 बजे नई दिल्ली स्थित संसद में भी बम धमाके की धमकी दी गई है।

जानकारी के अनुसार सुबह 8.50 बजे स्कूल खुलने थे, इससे पहले ही मेल पहुंच गया। जैसे ही धमकी भरी मेल मिला तो तुरंत पुलिस को सूचना दी गई। इसके बाद स्कूलों में तत्काल छुट्टी कर दी गई। स्कूल मैनेजमेंट्स ने पेरेंट्स को अर्जेंट मैसेज भेजकर अपने बच्चों को घर ले जाने को कहा। इसके अलावा स्कूल बसों को भी गेट से ही लौटा दिया गया। बच्चों को स्कूल के अंदर एंट्री नहीं दी गई।
चंडीगढ़ से भी बम निरोधक दस्ते बुलाए गए हैं

वहीं जब बम धमकी का पता चलते ही मोहाली पुलिस हाई अलर्ट पर आ गई। तुरंत बम स्क्वॉड की टीमें लेकर पुलिस फोर्स स्कूलों में पहुंच गई। स्कूल के आसपास का पूरा इलाका सील कर दिया गया। जिसके बाद पूरे स्कूल को खाली करवाकर पुलिस की टीमें जांच के लिए अंदर भेजी गईं। DSP सिटी हरसिमरन बल खुद लर्निंग पाथ स्कूल पहुंचे।मोहाली के SSP हरमनदीप हंस ने कहा कि स्कूलों में जांच के लिए मोहाली के अलावा फतेहगढ़ साहिब, रोपड़ और चंडीगढ़ से भी बम निरोधक दस्ते बुलाए गए हैं।
रागॉन, लर्निंग पाथ, माइंड ड्री, जीडी गोयनका, विवेक स्कूल, इंडस भी शामिल
Mohali bom blast news: इस मामले को लेकर जिला शिक्षा अधिकारी (DEO) गिन्नी दुग्गल ने कहा कि अभी तक 10 स्कूलों को धमकी का पता चला है। इनमें पैरागॉन, लर्निंग पाथ, माइंड ड्री, जीडी गोयनका, विवेक स्कूल, इंडस भी शामिल हैं। इनमें छुट्टी करा दी गई।
SSP बोले- 16 स्कूलों को धमकी मिली, अफसर-जवान तैनात
वहीं इस घटना को लेकर SSP हरमनदीप हंस ने बताया कि अब तक 16 स्कूलों को ईमेल आई है। यह धमकी मोहाली सिटी, खरड़ और जीरकपुर के स्कूलों को भी भेजी गई है, जिनमें बम से उड़ाने की धमकी दी गई है। इस मामले में 15 सीनियर अफसरों के साथ 300 जवान तैनात किए गए हैं।
Mohali bom blast news: इसके बाद मेल में कहा गया है कि 13 फरवरी, दोपहर 2:11 बजे बम दिल्ली की हिंदुस्तानी संसद में बम धमाका होगा। जिसमें उनका निशाना प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और गृहमंत्री अमित शाह होंगे। इसे भेजने वालों के नाम की जगह खालिस्तान नेशनल आर्मी, इंजीनियर गुरनाख सिंह, रुकन शाहवाला लिखा गया है।
