शिनबाम से सामने माफिया बड़ी चुनौती
यह तस्वीर मेक्सिको की नई राष्ट्रपति क्लाउडिया शिनबाम के शपथ ग्रहण समारोह की है। शिनबाम ने मेक्सिको की पहली महिला राष्ट्रपति के रूप में शपथ ली, जिससे देश के इतिहास में एक नया अध्याय जुड़ गया। वह यहूदी पृष्ठभूमि की पहली राष्ट्रपति भी हैं। वे पूर्व राष्ट्रपति एंड्रेस मैनुअल लोपेज़ ओब्राडोर की नीतियों के खिलाफत कर सत्ता में आई हैं।
मेक्सिको में लंबे समय से माफियाओं का वर्चस्व रहा है, खासकर उत्तरी क्षेत्रों में जहां ड्रग कार्टेल का नेटवर्क बहुत मजबूत है। शिनबाम ने अपने राष्ट्रपति पद के तुरंत बाद कहा कि उनकी पहली यात्रा अकापुल्को के समुद्र तटों पर होगी, जो हाल ही में भारी बाढ़ से तबाह हो गए थे।
कमजोर अर्थव्यवस्था और बढ़ते कर्ज को भी धीमी अर्थव्यवस्था, बढ़ते कर्ज जैसे मुद्दों का सामना करना पड़ेगा। इसके अलावा, पूर्व राष्ट्रपति ओब्राडोर की नीतियों ने राष्ट्रीय सुरक्षा पर जबरदस्त दबाव डाला है, क्योंकि उन्होंने सैन्य को महान शक्तियां दी हैं।
विपक्षी नेताओं का मानना है कि संतुलित सरकार चलाने के लिए शिनबाम को कड़ी मेहनत करनी होगी,
देश में लोकतांत्रिक व्यवस्था मजबूत रहे। शिनबाम को माफिया और ड्रग कार्टेल से निपटने के लिए ओब्राडोर की नीतियों को बदलने की उम्मीद है, लेकिन विशेषज्ञों का कहना है कि ओब्राडोर के करिश्मे में उनके प्रशासनिक निर्णयों में गलतियों को छिपाने की कमी है। उसे सटीक और प्रभावी नेतृत्व दिखाना होगा ताकि देश की गंभीर समस्याओं का समाधान किया जा सके।

Mexico female president first time in 200 year history
