Yumnam Khemchand Singh New Manipur CM: मणिपुर की राजनीति में बड़ा बदलाव सामने आया है। भाजपा नेता युमनाम खेमचंद सिंह राज्य के 13वें मुख्यमंत्री होंगे। मंगलवार को हुई BJP विधायक दल की बैठक में उन्हें सर्वसम्मति से नेता चुना गया। अब जल्द ही राज्यपाल के सामने सरकार बनाने का दावा पेश किया जाएगा।
Yumnam Khemchand Singh New Manipur CM: बुधवार को हो सकता है शपथ ग्रहण
पार्टी सूत्रों के मुताबिक, शपथ ग्रहण समारोह बुधवार को हो सकता है। लंबे समय से राष्ट्रपति शासन के तहत चल रहे राज्य को अब नई सरकार मिलने की तैयारी है।
भाजपा नेतृत्व इस बार संतुलन बनाने की कोशिश में दिख रहा है। सूत्र बताते हैं कि कुकी-जो समुदाय को साथ लेने के लिए 10 कुकी विधायकों में से एक को उपमुख्यमंत्री बनाया जा सकता है। इससे सामाजिक और राजनीतिक संतुलन साधने का संदेश देने की रणनीति मानी जा रही है।
Yumnam Khemchand Singh New Manipur CM: केंद्रीय नेतृत्व की निगरानी में हुआ फैसला
विधायक दल की बैठक में केंद्रीय पर्यवेक्षक तरुण चुग और संबित पात्रा मौजूद रहे। पूर्व मुख्यमंत्री एन. बीरेन सिंह भी बैठक में शामिल हुए। पार्टी के शीर्ष नेतृत्व की निगरानी में यह फैसला लिया गया।
दरअसल, NDA के करीब 20 विधायक पहले ही दिल्ली पहुंच चुके थे। बाकी विधायक भी केंद्रीय नेतृत्व के निर्देश पर राजधानी पहुंचे थे। कई दौर की चर्चा के बाद आखिरकार खेमचंद सिंह के नाम पर सहमति बनी।
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राष्ट्रपति शासन खत्म होने से पहले सरकार गठन की तैयारी
गौर करने वाली बात यह है कि 9 फरवरी 2025 को बीरेन सिंह के इस्तीफे के बाद मणिपुर में राजनीतिक अनिश्चितता बढ़ गई थी। चार दिन बाद, 13 फरवरी 2025 से राज्य में राष्ट्रपति शासन लागू कर दिया गया। इसकी अवधि 12 फरवरी 2026 को खत्म हो रही है। भाजपा चाहती है कि इससे पहले ही चुनी हुई सरकार सत्ता संभाल ले।
ताइक्वांडो से राजनीति तक का सफर
अंतरराष्ट्रीय स्तर के ताइक्वांडो खिलाड़ी रहे हैं खेमचंद सिंह
युमनाम खेमचंद सिंह सिर्फ एक राजनेता ही नहीं, बल्कि खेल जगत में भी उनकी पहचान रही है। वे पारंपरिक ताइक्वांडो में 5th डैन ब्लैक बेल्ट हासिल करने वाले भारतीय हैं। यह सम्मान उन्हें 30 दिसंबर 2025 को दक्षिण कोरिया की राजधानी सियोल में ग्लोबल ट्रेडिशनल ताइक्वांडो फेडरेशन से मिला था।
ताइक्वांडो में डैन ब्लैक बेल्ट के बाद के उच्च स्तर को दर्शाता है। यह उपलब्धि उनके अनुशासन और नेतृत्व क्षमता की झलक देती है।
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हिंसा, इस्तीफा और राष्ट्रपति शासन
मैतेई-कुकी हिंसा ने बदले मणिपुर के हालात
मणिपुर में मई 2023 से मैतेई और कुकी समुदायों के बीच हिंसा चल रही है। अब तक करीब 260 लोगों की जान जा चुकी है और हजारों लोग अपने घर छोड़ने को मजबूर हुए हैं। हालात काबू में न आने पर बीरेन सिंह सरकार को इस्तीफा देना पड़ा था।
इसके बाद 60 सदस्यीय विधानसभा को निलंबित कर राष्ट्रपति शासन लागू किया गया। अब करीब एक साल बाद राज्य को फिर से चुनी हुई सरकार मिलने जा रही है।
विधानसभा में भाजपा की स्थिति
मणिपुर विधानसभा का कार्यकाल 2027 तक है। फिलहाल भाजपा के पास 37 विधायक हैं। 2022 के चुनाव में पार्टी को 32 सीटें मिली थीं, जबकि JD(U) के 5 विधायक बाद में भाजपा में शामिल हो गए। अन्य दलों में NPF के 5, कांग्रेस के 5, KPA के 2 विधायक हैं। एक सीट विधायक के निधन के कारण खाली है।
