MANDLA NEWS: मध्यप्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव सोमवार को मंडला जिले के रामनगर में आयोजित भव्य ‘आदि उत्सव’ समापन समारोह में शामिल हुए। इस अवसर पर उन्होंने सामूहिक विवाह कार्यक्रम में भी भाग लिया और नवविवाहित जोड़ों को शुभकामनाएं दीं।आदि उत्सव जनजातीय संस्कृति, परंपरा और विरासत के संरक्षण व प्रोत्साहन के उद्देश्य से आयोजित किया गया था। मुख्यमंत्री ने इस समारोह में भाग लेकर जनजातीय समाज के प्रति अपनी प्रतिबद्धता जाहिर की। उन्होंने कार्यक्रम की शुरुआत रामनगर के चौगान क्षेत्र स्थित जनजातीय मढ़िया में पूजा अर्चना कर की और जनजातीय परंपराओं के प्रति सम्मान प्रकट किया।

MANDLA NEWS: डॉ. यादव ऐतिहासिक मोती महल पहुंचे
इसके बाद डॉ. यादव ऐतिहासिक मोती महल पहुंचे, जहां उन्होंने इसकी स्थापत्य कला और ऐतिहासिक महत्व का अवलोकन किया। उन्होंने इस धरोहर के संरक्षण की आवश्यकता पर बल दिया। मुख्यमंत्री ने शौर्य स्मारक जाकर गोंड राजवंश के वीरों को श्रद्धांजलि दी और उनके बलिदान को जन-जन तक पहुंचाने की बात कही। उन्होंने कहा कि मध्य प्रदेश की मिट्टी में जनजातीय गौरव की गहराई बसी है, जिसे नई पीढ़ी तक पहुंचाना आवश्यक है।
MANDLA NEWS: नृत्यों के साथ गर्मजोशी से स्वागत किया
मुख्य मंच पर पहुंचने पर मुख्यमंत्री का पारंपरिक ढोल-नगाड़ों और जनजातीय नृत्यों के साथ गर्मजोशी से स्वागत किया गया। वे रथ पर सवार होकर मंच तक पहुंचे, जिससे जनजातीय परंपरा की भव्यता झलकती रही। सामूहिक विवाह कार्यक्रम में बड़ी संख्या में जनजातीय परिवार शामिल हुए, जिससे यह आयोजन सामाजिक एकता और समरसता का प्रतीक बन गया।
स्वरोजगार से जुड़ी नई योजनाएं शुरू
MANDLA NEWS: मुख्यमंत्री ने अपने संबोधन में कहा कि आदि उत्सव जैसे कार्यक्रम जनजातीय पहचान और संस्कृति के संरक्षण में अहम भूमिका निभाते हैं। उन्होंने यह भी घोषणा की कि सरकार जल्द ही जनजातीय क्षेत्रों में शिक्षा, स्वास्थ्य और स्वरोजगार से जुड़ी नई योजनाएं शुरू करेगी।
गौरवशाली परंपराओं के सम्मान
MANDLA NEWS: इस समारोह में बड़ी संख्या में जनप्रतिनिधि, अधिकारी, ग्रामीण और सामाजिक कार्यकर्ता उपस्थित रहे। आदि उत्सव का समापन समारोह जनजातीय संस्कृति और गौरवशाली परंपराओं के सम्मान का अद्वितीय प्रतीक बन गया।
