Mahakaleshwar Temple: भगवान शिव के प्रिय श्रावण मास का आज तीसरा सोमवार है.जिसके चलते देशभर के शिवालयों पर सुबह से भक्तों की भारी भीड़ है वही मध्यप्रदेश के उज्जैन में एक अलग ही रौनक देखी जा रही है.यहां रात से ही भक्तों की लंबी लाइन बाब के दर्शनों के लिए लगी हुई है.और पूरा महाकालेश्वर परिसर में बम बम भोले के जयकारों की गूंज है.रविवार की रात 2:30 बजे आयोजित भस्मारती में भारी संख्या में श्रद्धालु पहुंचे और भगवान महाकाल के दर्शन किए. भगवान के पट खुलने के बाद पंचामृत अभिषेक और विशेष श्रृंगार किया गया.
बाबा का हुआ विशेष श्रंगार
रात दो बजे के बाद भगवान महाकालेश्वर के पट खुलने के भष्मआरती की गई जिसके बाद पंचामृत अभिषेक और विशेष श्रृंगार किया गया. महाकाल मंदिर में अब तक 3 लाख से ज्यादा श्रद्धालु दर्शन कर चुके हैं। खंडवा के ओंकारेश्वर में भी रात से ही श्रद्धालुओं का पहुंचना शुरू हो गया था। छिंदवाड़ा के पातालेश्वर मंदिर में तड़के 3 बजे भगवान शिव का तीर्थ जल से अभिषेक
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Mahakaleshwar Temple: डमरू बजाने का बना वर्ल्ड रिकॉर्ड
उज्जैन में महाकाल की सवारी के पहले वर्ल्ड रिकॉर्ड बनाया गया। महानिर्वाणी अखाड़े की ओर से भगवान महाकाल को भस्म अर्पित की गई और इसके बाद विशेष आरती संपन्न हुई महाकाल लोक के पास शक्ति पथ पर 1500 लोगों ने एक साथ 10 मिनट तक डमरू बजाया। आज शाम 4:00 बजे बाबा महाकाल चांदी की पालकी में सवार होकर नगर भ्रमण पर निकलेंगे. जिसको लेकर 1500 डमरू वादकों द्वारा एक साथ डमरू बजाकर फिर एक नया रिकॉर्ड बनाएंगे. आयोजन में मध्य प्रदेश के उप मुख्यमंत्री और मंत्री गोविंद सिंह भी शामिल होंगे. वे भगवान महाकाल के दर्शन के बाद शक्ति पथ पर डमरू बजाने के गिनीज बुक ऑफ वर्ल्ड रिकॉर्ड को अपने हाथों से ग्रहण करेंगे. रिकॉर्ड धारण करने के बाद वे पालकी का पूजन करेंगे और शिप्रा नदी तक पैदल चलेंगे.
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चंद्रमौलेश्वर स्वरूप में देंगे दर्शन
पिछले सोमवार को आयोजित सवारी कार्यक्रम में 350 पुलिस के जवानों ने बैंड की प्रस्तुति दी थी. इस बार के आयोजन में भगवान महाकाल चंद्रमौलेश्वर स्वरूप में चांदी की पालकी में और मनमहेश स्वरूप में हाथी पर विराजित होकर नगर भ्रमण पर निकलेंगे. रथ पर शिव तांडव रूप के भी भक्तों को दर्शन देंगे. सवारी से पहले सभामंडप में भगवान श्री चंद्रमौलेश्वर का विधिवत पूजन-अर्चन किया जाएगा. महाकाल मंदिर के पुजारी आशीष ने बताया कि “इस आयोजन में श्रद्धालुओं की भारी भीड़ उमड़ रही है. वहीं मंदिर प्रशासन द्वारा सभी आवश्यक व्यवस्थाएं की गईं हैं.”
