MP विधानसभा 69 साल: मध्यप्रदेश विधानसभा ने अपने स्थापना के 69 साल पूरे कर लिए हैं। इस अवसर पर 17 दिसंबर को विधानसभा में एक दिवसीय विशेष सत्र आयोजित किया गया। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने सदन को संबोधित करते हुए सरकार की उपलब्धियों और आगामी योजनाओं पर प्रकाश डाला।
MP विधानसभा 69 साल: विपक्ष और सत्ता पक्ष में हल्की बहस
सत्र की शुरुआत में ही नेता प्रतिपक्ष उमंग सिंघार ने सदस्यों से कहा कि चर्चा में नीतिगत गंभीरता होनी चाहिए। उन्होंने कहा, “2047 तक की योजनाओं की बात करने से पहले हमें 2026 तक की गारंटी चाहिए।” इसके अलावा उन्होंने सरकार से घोषणाओं की पूरी गारंटी देने की मांग भी की।वहीं, मंत्री विजयवर्गीय ने कहा, कि मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव की ओर इशारा करते हुए कहा कि “मुख्यमंत्री सूट-बूट में हैं, जबकि हम मंत्री और विधायक गरीबों जैसी सादगी में हैं।” इस टिप्पणी पर सदन में हल्का ठहाका सुनाई दिया।
MP विधानसभा 69 साल: मनरेगा योजना का नाम बदलने पर विरोध
सत्र के शुरुआती क्षणों में ही कांग्रेस के विधायकों ने मनरेगा योजना का नाम बदलने के विरोध में जोरदार नारेबाजी की। नेता प्रतिपक्ष उमंग सिंघार ने कहा, “एक तरफ मोदी-गांधी के चरखे चलाने की बातें की जा रही हैं, दूसरी तरफ महात्मा गांधी के नाम पर चल रही योजना में फंडिंग घट रही है। अब नाम बदलना चाहते हैं। क्या बापू से डर लगता है?”

राज्यपाल ने प्रदर्शनी का उद्घाटन किया
सत्र के पहले विधानसभा परिसर में आयोजित ‘विधानसभा की सात दशक की यात्रा’ विषयक चित्र प्रदर्शनी का उद्घाटन राज्यपाल मंगू भाई पटेल ने किया। इस प्रदर्शनी में पहली विधानसभा से लेकर वर्तमान 16वीं विधानसभा तक के महत्वपूर्ण क्षणों को चित्रों के माध्यम से दर्शाया गया।
