love jihad: मध्यप्रदेश की राजधानी भोपाल से पूर्व सांसद साध्वी प्रज्ञा ठाकुर ने लव जिहाद को लेकर एक भड़काऊ बयान दिया है, जिससे नया विवाद खड़ा हो गया है। उन्होंने एक सभा में कहा कि अगर कोई लड़की परिवार की बात नहीं मानती और किसी “विधर्मी” के पास जाने की कोशिश करती है, तो उसके पैर तोड़ने में पीछे न हटें।

माता-पिता का उद्देश्य हमेशा अपने बच्चों के भले के लिए होता
साध्वी प्रज्ञा ने आगे कहा कि यदि बेटी संस्कारों और बातों से नहीं मानती, तो उसे ताड़ना देनी चाहिए। उन्होंने यह भी कहा कि यदि जरूरत पड़े, तो अपनी संतान को मारने से भी पीछे नहीं हटना चाहिए, क्योंकि माता-पिता का उद्देश्य हमेशा अपने बच्चों के भले के लिए होता है।
परिवार को हर संभव प्रयास करना चाहिए
यह बयान उन्होंने 19 अक्टूबर को उज्जैन में भगवान महाकालेश्वर की विशेष भस्म आरती के अवसर पर दिया। उनके मुताबिक, बेटियों को सही रास्ते पर लाने के लिए परिवार को हर संभव प्रयास करना चाहिए, चाहे वह कठोर क्यों न हो।
“संस्कारों की रक्षा” का तरीका
साध्वी के इस बयान के बाद सामाजिक और राजनीतिक हलकों में बहस तेज हो गई है। कई लोगों ने इसे महिला अधिकारों और कानून के खिलाफ बताया है, जबकि उनके समर्थकों का मानना है कि यह “संस्कारों की रक्षा” का तरीका है।
व्यक्तिगत स्वतंत्रता के सवाल आमने-सामने खड़े
इस बयान ने एक बार फिर लव जिहाद जैसे संवेदनशील मुद्दे को चर्चा के केंद्र में ला दिया है, जहां धार्मिक, सामाजिक और व्यक्तिगत स्वतंत्रता के सवाल आमने-सामने खड़े हैं।
