आरोपी संजय बोला- ममता सरकार मुझे फंसा रही है
पश्चिम बंगाल के सियालदह की एक अदालत ने कोलकाता के आरजी कर कॉलेज में एक प्रशिक्षु डॉक्टर के साथ बलात्कार और हत्या के मुख्य आरोपी संजय रॉय के खिलाफ आरोप तय कर दिए हैं। मामले की अगली सुनवाई 11 नवंबर को होगी।
सोमवार को जब संजय को पुलिस ने पेशी के बाद बाहर निकाला तो उन्हें पहली बार कैमरे पर यह कहते हुए देखा गया कि ममता सरकार उन्हें फंसा रही है। उन्हें मुंह न खोलने की धमकी दी गई है।
8 अगस्त की रात आरजी कर अस्पताल में ट्रेनी डॉक्टर के साथ रेप के बाद हत्या कर दी गई थी। पीड़िता का शव 9 अगस्त को मिला था। डॉक्टरों ने घटना के खिलाफ 42 दिनों तक विरोध प्रदर्शन किया।
केंद्रीय जांच ब्यूरो (सीबीआई) ने अपनी चार्जशीट में संजय रॉय को मुख्य आरोपी बनाया है। इसके अलावा इस मामले को गैंगरेप की जगह रेप का मामला बताया गया है। चार्जशीट में यह भी कहा गया है कि पीड़िता के शरीर से बरामद वीर्य के नमूने और खून आरोपी के शरीर से मेल खाते हैं। फोरेंसिक जांच के बाद घटनास्थल से बरामद छोटे बाल भी आरोपी के बालों से मेल खाते थे।
सीबीआई की चार्जशीट में 100 गवाहों के बयान, 12 पॉलीग्राफ टेस्ट रिपोर्ट, सीसीटीवी फुटेज, फॉरेंसिक रिपोर्ट, मोबाइल कॉल डिटेल और लोकेशन शामिल हैं। इसके अलावा घटना वाले दिन आरोपी के इयरफोन और मोबाइल ब्लूटूथ के जरिए जुड़े हुए थे। चार्जशीट में इसे भी अहम सबूत माना गया है।
सुप्रीम कोर्ट ने इस मामले में कार्रवाई करते हुए डॉक्टरों की सुरक्षा बढ़ाने और कार्यस्थल पर अच्छे हालात बनाने के निर्देश दिए थे। कलकत्ता हाईकोर्ट ने मामले की जांच कोलकाता पुलिस से लेकर सीबीआई को सौंप दी थी।
सीबीआई ने इस मामले में संजय रॉय को एकमात्र आरोपी पाया है। हालांकि, पूर्व प्रिंसिपल संदीप घोष को भी मामले में शामिल होने के लिए गिरफ्तार किया गया है।
