बदबू से रुकी केरल हाईकोर्ट की कार्यवाही!

मंगलवार को केरल हाईकोर्ट में अजीबोगरीब स्थिति देखने को मिली। कार्यवाही के बीच अचानक तेज बदबू से पूरा कोर्टरूम परेशान हो उठा और मुख्य न्यायाधीश नितिन जमदार और जस्टिस बसंत बालाजी की बेंच को कार्यवाही रोकनी पड़ी। जांच में सामने आया कि बदबू अदालत की फॉल्स सीलिंग में छिपे एक जंगली जानवर सिवेट के पेशाब करने से आ रही थी।
कौन है ये ‘सिवेट’?
सिवेट एक छोटा, बिल्ली जैसा दिखने वाला जंगली जानवर है, आमतौर पर जंगलों और अभयारण्यों में पाया जाता है इसकी यूरिन से बहुत तेज और अप्रिय गंध आती है दुनिया में कॉपी लुवक (Civet Coffee) बनाने में भी इसका नाम चर्चा में रहता है
कोर्टरूम में सिर्फ 20 मिनट चली कार्यवाही
बदबू इतनी असहनीय थी कि सभी केस स्थगित कर दिए गए, कोर्टरूम को तुरंत बंद कर दिया गया. बाद में सिवेट को जाल लगाकर पकड़ा गया
क्यों बार-बार आते हैं जंगली जानवर?
केरल हाईकोर्ट मंगला वन अभयारण्य के पास स्थित है पहले भी बड़े अजगर, सांप और अन्य जानवरों के कोर्ट परिसर में आने की घटनाएं हो चुकी हैं कई बार मांग उठ चुकी है कि हाईकोर्ट को कोच्चि से बाहर उपनगर ‘कलामसेरी’ शिफ्ट किया जाए

कोर्ट प्रशासन की सफाई में जुटी टीम
फॉल्स सीलिंग की सफाई और जानवरों की घुसपैठ रोकने के लिए कोर्ट ने वन विभाग और नगर निगम से संपर्क किया है कोर्ट परिसर में सेनेटाइजेशन और फ्यूमिगेशन की प्रक्रिया भी शुरू की गई
सोशल मीडिया पर मीम्स की बाढ़!
घटना के वायरल होते ही ट्विटर और इंस्टाग्राम पर Justice Delayed due to Civet Spray!, सिवेट ने कोर्ट में सुंघा दिया कानून का मज़ा!, जब जंगल कानून से टकरा गया!, जैसे मीम्स ट्रेंड करने लगे। जहां कोर्ट को कानून के मामलों से निपटना था, वहीं बदबू और जानवरों से जूझना पड़ रहा है। यह घटना न सिर्फ एक मज़ेदार मोड़ देती है, बल्कि कोर्ट की इमारत की सुरक्षा और स्थान को लेकर गंभीर सवाल भी उठाती है।
Read More :- राहुल गांधी की वोट अधिकार यात्रा: गयाजी में पेड़ और बसों पर चढ़े लोग
Watch Now :- #bhopalnews:भोपाल में 92 करोड़ का ड्रग्स जब्त – क्या जिम्मेदार वही !
