Karanveer Breaks Silence: जम्मू-कश्मीर के पहलगाम में आतंकवादी हमले ने पूरे देश को झकझोर कर रख दिया है। इस भीषण हमले में 27 निर्दोष लोगों की जान चली गई, जिसके बाद देशभर में शोक और आक्रोश देखने को मिला, कई सेलिब्रिटीज ने भी अपनी प्रतिक्रियाएं दी। ऐसे में ‘बिग बॉस 18’ के विनर करणवीर मेहरा ने भी अपने सोशल मीडिया के इंस्टाग्राम हैंडल पर एक वीडियो शेयर करते हुए आतंकी हमले का विरोध और जो मारे गए उनके प्रति संवेदना व्यक्त की थी, जिसके बाद लोग उन्हें काफी ट्रोल कर रहे थे। अब इस पर करणवीर ट्रोलर्स को जबाव देते हुए उस कविता का मतलब बताया।
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करण ने ट्रोलर्स को दिया जबाव…
एक्टर ने अपने इंस्टाग्राम स्टोरी पर एक पोस्ट शेयर करते हुए लिखा कि- ‘आंख के बदले आंख लेने से पूरी दुनिया अंधी नहीं होगी, क्योंकि आखिरी में एक इंसान के पास अब भी एक आंख बची रहेगी। हम सब जानते हैं कि वह आखिरी इंसान कौन होगा। लेकिन असली सवाल ये है कि क्या आप नफरत की इस जंजीर को तोड़ना चाहेंगे और इस दुनिया को एक बेहतर जगह बनाना चाहेंगे? मेरी उस कविता का असली मतलब यही था।’

पहलगाम में हुए आतंकी हमले में मेरा दिल उन परिवारों के साथ है, जिन्होंने अपने प्रियजनों को खोया है। अपराधियों को कड़ी से कड़ी सजा मिले जिसके वे हकदार हैं, हम डरे नहीं हैं, हम घबराए नहीं हैं।
फिर करणवीर मेहरा सुनील शेट्टी का बोला गया को कोट लिखा कि – “अगली छुट्टी कश्मीर में।”
करणवीर मेहरा ने ये कविता की थी शेयर…
करणवीर ने अपने सोशल मीडिया इस्टाग्राम के ऑफिशियल अकाउंट पर एक वीडियो साझा किया था, जिसमें वह हिंदू-मुस्लिम संबंधों पर आशुतोष राणा की लिखी गई एक कविता पढ़ते नजर आ रहें है। पहलगाम अटैक में जान गंवाने वाले लोगों के प्रति संवेदना जताते और शांति संदेश देने की कोशिश की, लेकिन कुछ ने तारीफ की तो वहीं कुछ यूजर्स को ये बिलकुल पसंद नहीं आया।
उन्होंने इस कविता को पढ़ा…
“बांट दिया इस धरती को, क्या चांद सितारों का होगा? नदियों को कुछ नाम दिए, बहती धाराओं का क्या होगा? शिव की गंगा भी पानी है, आबे जम जम भी पानी है…पंडित भी पिए, मौला भी पीए, तो पानी का मजहब क्या होगा? एक है सूरज, चांद एक, एक हवा में सांस है सबकी..नस्लों का करें जो बंटवारा, रहबर वो कोम का ढोंगी है….”
आपको बता दें कि, करण ने जब ये कविता पढ़ी तो उनके चेहरे के हाव भाव के देखकर लोगो को गुस्सा आया कहा ‘कोई ऑडिशन नहीं हो रहा है….’।
Karanvir Mehra Poem on Pahalgam Attack: यूजर्स ने किया ट्रोल…
एक यूजर ने लिखा, ‘थोड़ी संवेदनशीलता दिखाइए! आपकी अपनी सोच हो सकती है। लेकिन जब परिवार अपने प्रियजनों को खो चुके हैं, तब इस तरह की ओवर एक्टिंग दिखाना जरूरी नहीं थी।’
वहीं एक ने लिखा कि- ‘terrorists attack ho gya ,chalo ab ring light lgake irrelevant sympathy lene ka tym aa gya’
एक यूजर ने लिखा कि-, ‘भाई, मैं बीते 6–7 महीनों से तुम्हारा सफर देख रहा हूं, तुम्हें फॉलो कर रहा हूं। और अब तुम ये पोस्ट कर रहे हो? सच में शर्मिंदा किया तुमने’
कुछ यूजर ने की तारीफ…


एक पकिस्तानी यूजर ने लिखा कि-
Well said, Karan🫡 it’s not Muslim vs Hindu or India vs Pakistan it’s about Humanity vs Terrorism. Trust me I am from Pakistan and none of us liked what happened in Kashmir, no innocent should be killed be it the tourists in Pahalgam or people of Palestine. It’s high time we all stand united against genocide and terrorism. Thank you for speaking from both the sides fathering than speaking from Hindu pov. This is why admire you Karan, love from Pakistan🙌🤍

एल्विश ने भी किया था ट्रोल…
एल्विश ने उनकी कविता को पोस्ट करते हुए लिखा था कि- पकिस्तान से वोट आए थे क्या भाई?
Pakistan se vote aaye the kya bhai? https://t.co/lvIFTnRAlk
— Elvish Yadav (@ElvishYadav) April 24, 2025
22 अप्रैल को क्या हुआ..?
जम्मू-कश्मीर के पहलगाम में मंगलवार 22 अप्रैल को दोपहर में दिल दहला देने वाली घटना हुई है। वहां कई लोग छुट्टियां मनाने गए थे वो सभी काफी खुश थे, उन्हें कोई अंदाजा नहीं था कि उनकी खुशी मौत का मंजर बनने वाला है।

आपको बता दें कि, पहलगाम में आतंकवादी हमला हुआ था, जिसमें बड़े बेहरहमी से 27 लोगों को मार दिया गया।इस हमले में 20 से ज्यादा लोग घायल हैं। मारने के पहले उनसे उनका धर्म पूछा गया, कलमा पढ़ने को कहा और मुस्लिम नहीं होने की वजह से उन्हें मार दिया गया और देखते ही देखते खुशी का मंजर मातम में बदल गया।
1. हमले की जिम्मेदारी लश्कर-ए-तैयबा के फ्रंट ग्रुप TRF (The Resistance Front) ने ली है।
2. फायरिंग के बाद हमलावर फरार हो गए।
3. इंटेलिजेंस इनपुट्स के मुताबिक, इस हमले में दो विदेशी और दो स्थानीय आतंकी शामिल थे।
