Kanpur Maa Ranchandi Yagya: भारत और पाकिस्तान के बीच बढ़ते तनाव और पहलगाम आतंकी हमले के बाद भारतीय सेना द्वारा चलाए जा रहे ऑपरेशन सिंदूर के बीच, कानपुर के विष्णुपुरी में हिंदू समाज ने भारतीय सेना के मनोबल को बढ़ाने के लिए मां रणचंडी यज्ञ का आयोजन किया। इस यज्ञ का उद्देश्य सेना की रक्षा, सैनिकों को शक्ति प्रदान करना और आतंकवाद के समूल नाश की प्रार्थना करना था।
सेना के साथ जनता
यज्ञ में साधु-संतों के साथ-साथ स्थानीय लोगों और महिलाओं ने भी उत्साहपूर्वक हिस्सा लिया, जो भारतीय सेना की विजय और हर मिशन में सफलता की कामना की गई।
पहलगाम में 22 अप्रैल को हुए आतंकी हमले, जिसमें 26 निर्दोष लोगों की जान गई, ने पूरे देश को झकझोर कर रख दिया। इसके जवाब में भारतीय सेना ने ऑपरेशन सिंदूर शुरू किया, जिसमें पाकिस्तान और पाकिस्तान अधिकृत कश्मीर में 9 आतंकी ठिकानों को नष्ट किया गया। इस ऑपरेशन को देशभर में समर्थन मिल रहा है, और कानपुर के हिंदू समाज ने भी अपनी आध्यात्मिक शक्ति के माध्यम से सेना का साथ देने का फैसला किया।
यज्ञ से सेना को मिलेगी शक्ति
विष्णुपुरी में आयोजित इस यज्ञ में शामिल हुए हिंदू नेता कृष्णा तिवारी ने बताया, “यज्ञ करने से न केवल हमें, बल्कि हमारी सेना को भी शक्ति मिलती है। पहलगाम हमले ने हमें बहुत दुखी किया है, और हम चाहते हैं कि आतंकवाद का पूरी तरह से खात्मा हो।” उन्होंने आगे कहा कि यह यज्ञ भारतीय सेना को हर मिशन में कामयाबी दिलाने और उनकी शक्ति बढ़ाने के लिए आयोजित किया गया। यज्ञ के दौरान पंडितों ने सामूहिक रूप से माँ रणचंडी की पूजा की और सेना की सफलता के लिए आहुतियां दीं।

आतंकवाद के खिलाफ एकजुटता
यज्ञ में शामिल लोगों ने आतंकवाद के खिलाफ एकजुटता दिखाई। स्थानीय लोगों का कहना था, “हमारी सेना दिन-रात देश की रक्षा के लिए तत्पर रहती है। हमारा कर्तव्य है कि हम उनकी विजय के लिए प्रार्थना करें।” यज्ञ के दौरान पंडितों ने बताया कि माँ रणचंडी युद्ध और शक्ति की देवी हैं, और उनकी पूजा से सेना को असीम बल प्राप्त होगा। यज्ञ में शामिल महिलाओं ने भी सेना के साहस और समर्पण की सराहना की और कहा कि यह यज्ञ देश की एकता और सेना के प्रति उनके विश्वास का प्रतीक है।
ऑपरेशन सिंदूर और कानपुर का योगदान
ऑपरेशन सिंदूर को पहलगाम हमले के जवाब में शुरू किया गया था, जिसे लश्कर-ए-तैयबा की छद्म शाखा द रेसिस्टेंस फ्रंट ने अंजाम दिया था। इस ऑपरेशन में भारतीय सेना ने सटीक हमले कर आतंकी संगठनों जैसे जैश-ए-मोहम्मद और लश्कर-ए-तैयबा के ठिकानों को नष्ट किया। कानपुर के इस यज्ञ ने न केवल सेना के प्रति समर्थन व्यक्त किया, बल्कि यह भी दिखाया कि देश का हर नागरिक आतंकवाद के खिलाफ लड़ाई में सेना के साथ है।
Kanpur Maa Ranchandi Yagya: देशभर में समर्थन
कानपुर का यह यज्ञ देशभर में हो रहे उन प्रयासों का हिस्सा है, जो सेना के प्रति एकजुटता और समर्थन दिखा रहे हैं। मुंबई के सिद्धिविनायक मंदिर में भी ऑपरेशन सिंदूर की सफलता के लिए विशेष पूजा की गई थी। कानपुर के यज्ञ में शामिल लोगों ने कहा, “हमारी प्रार्थना है कि भारतीय सेना अपने हर अभियान में विजयी हो और देश को आतंकवाद से मुक्त करे।”
इब्रे हसन जैदी की रिपोर्ट
