
ड्राइवर ने कोर्ट में सरेंडर
पहले कथित ड्राइवर ने कोर्ट में सरेंडर किया। फिर केस दर्ज कराने वाले मो. तौसीफ ने समझौता कर लिया। वकील के साथ मो. तौसीफ कोर्ट पहुंचा। ड्राइवर मोहन ने कहा कि शिवम की गाड़ी मैं ही चला रहा था। शिवम मिश्रा को दौरा पड़ गया था। उस वक्त मैं बहुत घबरा गया था। कुछ समझ नहीं आया, इसी बीच हादसा हो गया। जब शीशा तोड़ा और दरवाजा खोला तो मैं नीचे से निकल गया, और बाउंसर ने शिवम को निकाला। हादसे के बाद मैं साइड में खड़ा हो गया।

घायल ने किया समझौता
वहीं शिवम मिश्रा के वकील ने कहा कि हादने में घायल हुए मो. तौसीफ ने समझौता कर लिया है। वो केस नहीं करना चाहते। साथ ही ये भी पहचान की कि उस वक्त गाड़ी मोहन ही चला रहा था।
Lamborghini Case Update: मामले में नया ट्विस्ट
मंगलवार दोपहर लेम्बोर्गिनी मामले में नया ट्विस्ट आया था। केके मिश्रा ग्वालटोली थाने पहुंचे। उन्होंने दावा किया कि हादसे के वक्त उनका बेटा शिवम नहीं, बल्कि ड्राइवर मोहन कार चला रहा था। शिवम उस वक्त सोया हुआ था।
KK मिश्रा ने कहा- हादसे के बाद कार लॉक हो गई थी, जिससे शिवम की तबीयत बिगड़ गई। जब वह ठीक हो जाएगा तो मैं बेटे को लेकर खुद थाने आऊंगा। वहीं पुलिस कमिश्नर के गाड़ी शिवम के चलाने वाले बयान पर KK मिश्रा ने जवाब दिया- पुलिस कमिश्नर झूठ बोल रहे हैं। वहीं, कारोबारी के वकील ने दावा किया कि शिवम दिल्ली में भर्ती है।

शिवम ही चला रहा था कार
Lamborghini Case Update: उधर, कारोबारी KK मिश्रा का दावा पुलिस की जांच में पूरी तरह से झूठा निकला। पुलिस की जांच में CCTV, प्रत्यक्षदर्शियों के बयान और कई ऐसे सबूत सामने आए हैं। इससे साफ हो गया है कि कार को शिवम ही ड्राइव कर रहा था, हादसा उसी दौरान हुआ था। कार में कोई दूसरा व्यक्ति या ड्राइवर मौजूद ही नहीं था।
