8 जिलों में बारिश
मौसम विभाग ने आठ जिलों में बारिश की संभावना जताई है। इनमें गुमला, सिमडेगा, खूंटी, पश्चिमी सिंहभूम, पूर्वी सिंहभूम, सरायकेला-खरसावां, रांची और आसपास के कुछ इलाके शामिल हैं। इन क्षेत्रों में मध्यम दर्जे की बारिश हो सकती है, जिसके लिए मौसम विभाग ने यलो अलर्ट जारी किया है। यलो अलर्ट का मतलब है कि लोगों को सतर्क रहने की जरूरत है, क्योंकि बारिश के साथ तेज हवाएं या अन्य मौसमी बदलाव भी हो सकते हैं। विभाग ने स्थानीय प्रशासन और लोगों को सावधानी बरतने की सलाह दी है, खासकर उन क्षेत्रों में जहां भारी बारिश की संभावना है।
Jharkhand Weather: गर्मी के मिली राहत
बंगाल की खाड़ी में निम्न दबाव का क्षेत्र बनना इस मौसमी बदलाव का प्रमुख कारण है। इस निम्न दबाव के कारण बादल घने हो रहे हैं, जिससे झारखंड के कई हिस्सों में बारिश हो रही है। हालांकि, यह बारिश पूरे राज्य में एकसमान नहीं होगी। कुछ इलाकों में जहां बारिश राहत देगी, वहीं अन्य क्षेत्रों में उमस और गर्मी का असर बना रहेगा। खासकर शहरी इलाकों जैसे रांची, जमशेदपुर और धनबाद में उमस की वजह से लोगों को परेशानी हो सकती है। मौसम विभाग ने बताया कि बारिश का असर ग्रामीण और जंगली क्षेत्रों में ज्यादा देखने को मिलेगा, जहां मध्यम से भारी बारिश की संभावना है।
कुछ दिनों तक ऐसा ही रहेगा मौसम
इस मौसमी बदलाव का असर किसानों और आम लोगों पर भी पड़ेगा। बारिश से खेतों में नमी बढ़ेगी, जो फसलों के लिए फायदेमंद हो सकती है, लेकिन अधिक बारिश से निचले इलाकों में जलभराव की समस्या भी हो सकती है। मौसम विभाग ने सलाह दी है कि लोग अपने घरों और आसपास के क्षेत्रों में जल निकासी की व्यवस्था सुनिश्चित करें। साथ ही, बारिश के दौरान बिजली गिरने की आशंका को देखते हुए खुले मैदानों में जाने से बचने की सलाह दी गई है।
अगले तीन दिनों तक मौसम का यह मिजाज बना रहेगा। 30 मई के बाद मौसम में कुछ सुधार हो सकता है, लेकिन तब तक लोगों को बारिश और उमस के इस मिश्रित प्रभाव का सामना करना पड़ेगा। मौसम विभाग ने सभी जिलों के प्रशासन को अलर्ट रहने और आपात स्थिति के लिए तैयार रहने को कहा है। लोगों से भी अपील की गई है कि वे मौसम की जानकारी पर नजर रखें और सुरक्षित रहें।
