इसके बाद मोदी और पुतिन 23वें भारत-रूस सलाना समिट में ट्रेड, डिफेंस और एनर्जी से जुड़े अहम मुद्दों पर चर्चा कर रहे हैं। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन ने भारत और रूस के बीच समझौतों का आदान-प्रदान देखा।
30 दिन का फ्री वीजा
PM मोदी ने रूसी पर्यटकों को 30 दिन का फ्री वीजा देने का ऐलान किया। मोदी ने कहा- भारत अब रूस के पर्यटकों को निशुल्क के 30 दिन तक भारत घूमने की सुविधा देगा। यह वीज़ा ऑनलाइन होगा, जिससे रूसी यात्री कुछ ही मिनटों में आसानी से आवेदन कर सकेंगे।
भारत-रूस के बीच डील
वहीं रूसी राष्ट्रपति पुतिन ने भारत को बिना रुकावट के तेल की सप्लाई जारी रखने का ऐलान किया। इसके अलावा कई अहम घोषणाएं हुईं, जिनका मकसद भारत-रूस व्यापार बढ़ाना है। भारत-रूस के बीच शिप बिल्डिंग, भारतीय नाविकों को बर्फीले समुद्री इलाकों में जहाज चलाने की ट्रेनिंग, नई शिपिंग लेन पर निवेश, सिविल न्यूक्लियर ऊर्जा और महत्वपूर्ण खनिजों पर समझौते और MoU साइन किए गए।
भारत और रूस के बीच समझौते
- कोऑपरेशन और माइग्रेशन पर एग्रीमेंट
- हेल्थकेयर और मेडिकल एजुकेशन पर समझौता
- फूड सेफ्टी और स्टैंडर्ड्स पर एग्रीमेंट
- पोलर शिप्स और मैरिटाइम कोऑपरेशन पर समझौता
- फर्टिलाइजर पर एग्रीमेंट
India-Russia Friendship Agreements: गहरी मित्रता और अटूट प्रतिबद्धता
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा,
आज भारत और रूस के 23 वीं शिखर सम्मेलन में राष्ट्रपति पुतिन का स्वागत करते हुए मुझे बहुत खुशी हो रही है। उनकी यात्रा ऐसे समय में हो रही है जब हमारे द्विपक्षीय संबंध कई ऐतिहासिक मील के पत्थर के दौर से गुजर रहे हैं। ठीक 25 वर्ष पहले राष्ट्रपति पुतिन ने हमारी रणनीतिक साझेदारी की नींव रखी थी। 15 वर्ष पहले 2010 में हमारे साझेदारी को विशेष और विशेषाधिकार प्राप्त रणनीतिक का दर्जा मिला। पिछले ढाई दशक से उन्होंने अपने नेतृत्व से इन संबंधों को निरंतर सिंचा है। हर परिस्थिति में उनके नेतृत्व ने आपसी संबंधों को नई ऊंचाई दी है। भारत के प्रति इस गहरी मित्रता और अटूट प्रतिबद्धता के लिए मैं राष्ट्रपति पुतिन का आभार व्यक्त करता हूं।

‘भारत-रूस मित्रता एक ध्रुव तारे की तरह’
PM ने कहा – पिछले आठ दशकों में विश्व में अनेक उतार चढ़ाव आए हैं। मानवता को अनेक चुनौतियों और संकटों से गुजरना पड़ा है और इन सबके बीच भी भारत-रूस मित्रता एक ध्रुव तारे की तरह बनी रही है। परस्पर सम्मान और गहरे विश्वास पर टिके ये संबंध समय की कसौटी पर हमेशा खरे उतरे हैं…आज राष्ट्रपति पुतिन और मुझे भारत-रूस व्यापार मंच में शामिल होने का अवसर मिलेगा। मुझे पूरा विश्वास है कि ये मंच हमारे व्यापार संबंधों को नई ताकत देगा।
India-Russia Friendship Agreements: रोजगार के नए अवसर
मोदी ने कहा,
अब हम भारत के नाविक की ध्रुवीय जल में ट्रेनिंग के लिए सहयोग करेंगे। यह आर्कटिक में हमारे सहयोग को नई ताकत तो देगा ही, साथ ही इससे भारत के युवाओं के लिए रोजगार के नए अवसर बनेंगे। उसी प्रकार से जहाज निर्माण में हमारा गहरा सहयोग मेक इन इंडिया को सशक्त बनाने का सामर्थ्य रखता है। यह हमारे विन-विन सहयोग का एक और उत्तम उदाहरण है, जिससे नौकरियां, कौशल और क्षेत्रीय संपर्क सभी को बल मिलेगा।

पहलगाम और रूस-यूक्रेन जंग का जिक्र
पहलगाम और रूस-यूक्रेन जंग का जिक्र करते हुए मोदी ने कहा – आज हमने क्षेत्रीय और वैश्विक मुद्दों पर भी चर्चा की। यूक्रेन के संबंध में भारत ने शुरुआत से शांति का पक्ष रखा है। हम इस विषय के शांतिपूर्ण और स्थाई समाधान के लिए किए जा रहे सभी प्रयासों का स्वागत करते हैं। भारत सदैव अपना योगदान देने के लिए तैयार रहा है और आगे भी रहेगा। आतंकवाद के विरुद्ध लड़ाई में भारत और रूस ने लंबे समय से कंधे से कंधा मिलाकर सहयोग किया है। पहलगाम में हुआ आतंकी हमला हो या क्रोकस सिटी हॉल पर किया गया कायरतापूर्ण आघात, इन सभी घटनाओं की जड़ एक ही है। भारत का अटल विश्वास है कि आतंकवाद मानवता के मूल्यों पर सीधा प्रहार है और इसके विरुद्ध वैश्विक एकता ही हमारी सबसे बड़ी ताकत है।”
अंतरराष्ट्रीय ट्रांसपोर्ट रूट
India-Russia Friendship Agreements: रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन ने कहा, “मैं भारत की राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू, भारत के प्रधानमंत्री और हमारे सभी भारतीय साथियों को रूसी प्रतिनिधिमंडल के गर्मजोशी और मेहमाननवाज़ी भरे स्वागत के लिए धन्यवाद देता हूं…मैं कल अपने घर पर डिनर के लिए प्रधानमंत्री मोदी को धन्यवाद देता हूं…”
पुतिन ने कहा,
भारत के साथ मिलकर नए अंतरराष्ट्रीय ट्रांसपोर्ट रूट बना रहे हैं। इसमें एक बड़ा प्रोजेक्ट नॉर्थ-साउथ ट्रांसपोर्ट कॉरिडोर भी शामिल है।
इसका मतलब है कि अब रूस या बेलारूस से सामान सीधे हिंद महासागर के रास्ते तक पहुंच सकेगा। इससे व्यापार तेज, सस्ता और आसान होगा।
