धडंल्ले से चल रहा है अवैध खनन
Raisen illegal mining: खबर मप्र के रायसेन जिले से है…
जहां देवरी तहसील के नर्मदा घाट शोकलपुर और रिछावर घाट पर रेत का अवैध उत्खनन और परिवहन धड़ल्ले से जारी है…
जबकि जिम्मेदार अधिकारी इस पर चुप्पी साधे हुए हैं…
बतादें कि ठेकेदार बिना रॉयल्टी दिए नर्मदा नदी से रेत निकालने के साथ-साथ पीएम आवास योजना के लाभार्थियों से पैसे भी वसूल रहे हैं।

अधिकारियों और माफिया के बीच सांठगांठ की क्षेत्र में चर्चा
रेत के ठेकेदारों द्वारा अपनी दबंगई का प्रभाव क्षेत्र में इस कदर बढ़ चुका है…
कि अब प्रशासन भी उनकी गुंडागर्दी के सामने बेमौन हो गया है…
नर्मदा नदी से दिनदहाड़े रेत का उत्खनन किया जा रहा है और इसकी अवैध व्यापारिक गतिविधियाँ बिना किसी रोक-टोक के चल रही हैं…
अधिकारियों और रेत माफिया के बीच सांठगांठ की चर्चा क्षेत्र में जोरों पर है…
जिससे प्रशासन पर गंभीर सवाल उठ रहे हैं।
क्षेत्र में आक्रोश का माहौल
स्थानीय पंचायतों की चुप्पी और ठेकेदारों के खिलाफ कोई कार्रवाई न होने से इलाके में चिंता और आक्रोश का माहौल है…
बतादें कि एक मामला ग्राम पंचायत रिछावर से सामने आया है, जहां पीएम आवास योजना के लाभार्थी मनोज लोधी ने नर्मदा तट से रेत लाने के लिए आवेदन किया था…
लेकिन ठेकेदारों ने उससे बिना रॉयल्टी के पैसे की मांग की…
जब मनोज ने रुपये देने से इनकार किया..
तो ठेकेदारों ने उसे धमकी दी।
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यह घटना पुलिस और तहसील में दर्ज की गई…
लेकिन अब भी ठेकेदारों की अवैध गतिविधियों पर प्रशासन की ओर से कोई ठोस कार्रवाई नहीं की गई है…
स्थानीय लोगों का कहना है कि रेत माफिया की गुंडागर्दी और प्रशासन की नाकामी के कारण इलाके में बड़ी घटनाएँ घट सकती हैं, यदि समय रहते कार्रवाई नहीं की जाती।

Raisen illegal mining: क्षेत्रवासियों का मानना है…
कि रेत माफिया के खिलाफ प्रशासन की निष्क्रियता से न केवल नर्मदा नदी का पारिस्थितिकी तंत्र प्रभावित हो रहा है…
बल्कि शासन के राजस्व को भी भारी नुकसान हो रहा है।
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