कर्मचारी मंच ने किया 8 दिसंबर से आंदोलन शुरू करने की घोषणा
ias santosh verma: फर्जी दस्तावेजों के आधार पर आईएएस अवार्ड लेने वाले अधिकारी संतोष वर्मा की बर्खास्तगी की मांग के लिये अभियान शुरू किया जाएगा। इसके तहत सीएम डॉ मोहन यादव को प्रदेश के विभिन्न जिलों से पोस्टकार्ड भेजे जाएंगे। मप्र कर्मचारी मंच के तत्वाधान में आगामी 8 दिसंबर से शुरू की जा रही है।
ias santosh verma: बेटियों पर दिया था आपत्तिजनक बयान
बेटियों को लकर आपत्तिजनक बयान के बाद भी वह अपने पद पर बना हुआ है। इस प्रशासनिक अराजकता को देखते हुए राज्य का अधिकारी-कर्मचारी भी आहत है। पोस्टकार्ड के माध्यम से इसे मुख्यमंत्री के संज्ञान में लाते हुए कार्रवाई की मांग जिलों से पोस्टकार्ड भेजकर किये जाने का फैसला लिया गया है।
सद्बुद्धि के लिए सुंदरकांड
आईएएस संतोष वर्मा की करतूत सामने आने के बाद भी सरकार के सकारात्क रूख से अधिकारी-कर्मचारी भी हतप्रभ हैं। इसके विरोध में मंत्रालय परिसर में ही सद्बुद्धि यज्ञ कराया जा सकता है। जिसमें मंत्रालय के साथ विंध्यांचल और सतपुड़ा जैसे विभागाध्यक्ष कार्यालयों में पदस्थ अधिकारी-कर्मचारियों की भूमिका अहम रहेगी। तिथि निर्धारण को लेकर विमर्श किया जा रहा है। इस दौरान गोस्वामी तुलसीदास कृत श्रीराम चरित मानस के सुंदरकांड का पाठ भी किया जाएगा।
ias santosh verma: ये है मांगे
- एफआईआर दर्ज की जाय
- फर्जी दस्तावेजों पर पदावति की कार्रवाई कर निलंबित किया जाय
- सरकार केंद्रीय कार्मिक मंत्रालय से बर्खास्त करने की सिफारिश करे
- इस अवधि में लिये गये वेतन-भत्तों की रिकवरी कराई जाय
दस्तावेजों में हेराफेरी कर लिया था प्रमोशन
कार्रवाई होती तो चार साल पहले पदानव हो जाते वर्माः आईएएस वर्मा के द्वारा भले ही 2010 में दस्तावेजों में हेराफेरी कर शासन को गुमराह कर पदोन्नति ले ली गई, लेकिन इंदौर के जज बृजेंद्र सिंह रावत द्वारा 2021 में लिखाई गई एफआईआर और उसके बाद हुई पुलिस जांच में इनके द्वारा किये गये फर्जीवाड़े की पुष्टि हो गई थी।
Read More:- लोकसभा में हंगामा-DMK सांसद ने जज को RSS जज कहा, रिजिजू भड़के
