I Love Muhammad पर बवाल
लेकिन ये मुद्दा आग की तरह पूरे देश में फैल गया। I Love Muhammad’ के समर्थन में रैलियां निकाली गई। बैनर और पोस्टर लगे। बाराबंकी में आई लव मोहम्मद’ लिखे बैनर को फाड़ा तो हंगामा हो गया। देर रात बैनर तोड़ने वाले के घर में तोड़फोड़ की गई। हंगामा को शांत कराने के लिए गांव में अफसर कई थानों की फोर्स के साथ पहुंचे और मामला शांत कराया।

I Love Mahakaal के बैनर
इधर बरेली में इसको लेकर बवाल हुआ। इत्तेहादे मिल्लत काउंसिल के अध्यक्ष मौलाना तौकीर रजा की अपील पर भीड़ सड़क पर उतर आई। पुलिस ने रोका तो पथराव किया। जिसके विरोध में लाठीचार्ज किया गया। इसमें हिंदू कहां पीछे रहने वाले थे। I Love Muhammad के जवाब में I Love Mahakaal” जैसे बैनर लगाए गए। इधर, लखनऊ की सड़कों पर नए होर्डिंग लगवा दिए गए हैं। इन पर लिखा है- ‘आई लव श्री योगी आदित्यनाथ जी’ और ‘आई लव बुलडोजर।’ ये मुद्दा यूपी से निकलकर हैदराबाद पहुंचा।

I Love Muhammad Controversy: ओवैसी की प्रतिक्रिया
AIMIM चीफ असदुद्दीन ओवैसी ने पूछा कि अपनी आस्था को व्यक्त करना भड़काऊ कैसे हो सकता है? वहीं जम्मू-कश्मीर के मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला ने भी इस मामले में पुलिस की कार्रवाई की आलोचना की है। उनका कहना है कि प्यार का इजहार करना कोई अपराध नहीं है।
“मौलाना भूल गया कि शासन किसका”
अब यूपी में मुद्दा उठा तो सीएम योगी कहा पीछे रहने वाले थे। CM योगी ने एक कार्यक्रम में कहा –
“मौलाना भूल गया कि शासन किसका है। वो मानता था कि धमकी देंगे और जबरदस्ती जाम कर देंगे। हमने कहा कि जाम नहीं होगा। कर्फ्यू भी नहीं लगने देंगे। ऐसा सबक सिखाएंगे कि तुम्हारी आने वाली पीढ़ियां दंगा करना भूल जाएंगी।”
मौलाना तौकीर रजा गिरफ्तार
I Love Muhammad Controversy: इस पुरे मामले में मौलाना तौकीर रजा समेत 8 लोगों को बरेली पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है। जबकि 39 लोगों को हिरासत में लिया है। इसके अलावा, 2000 अज्ञात लोगों पर 5 थानों में मुकदमे दर्ज किए हैं।

सोचने वाली बात ये है..कि ये मुद्दा उत्तरप्रदेश से निकलकर हेदराबाद, मध्यप्रदेश से लेकर जम्मुकश्मीर तक पहुंच गया..बेवजह इस मुद्दे को लेकर देश का माहौल बिगाड़ने की कोशिश की जा रही है। आखिर कौन है ये लोग जिनको इसका फायदा मिलेगा। मोहम्मद के नाम पर मुस्लिम एकजूट हो जाते है क्या इसलिए जानबूझ कर माहौल बिगाड़ा जा रहा है..जो भी पर्दे के पीछे है उसको गिरफ्तार करना जरूरी है। साथ ही ये भी पता किया जाए की इसमें कहीं विदेशी फंडिग तो नहीं है।
बरेली बवाल: क्या मौलाना भूल गया, किसका राज है? योगी का सबक देने का दावा
जब दिनों पहले कानपुर से शुरू हुआ ‘I Love Muhammad’ विवाद, बरेली पहुंचा उससे उम्मीद थी कि हल्की-सी बात पर शांतिपूर्ण बहस होगी। लेकिन शुक्रवार की जुमे की नमाज़ के बाद वो बात चिंगारी बन गई। सड़कें नारेबाज़ी से गूंज उठीं, पत्थरबाज़ी हुई, पुलिस लाठीचार्ज के लिए बाध्य हुई और अब सीएम योगी के बोल सुने जा रहे हैं, जो ऐसे लगे जैसे कोई फैसला पहले से तय हो।

up bareilly i love muhammad communal tensions: कहानी इतनी बड़ी है कि सिर्फ खबर बन कर नहीं रह सकती हमें इसे समझना होगा, महसूस करना होगा। इसमें कितने पहलू हैं कानून, निज़ाम, मानवाधिकार, भावनाएँ और ये सभी एक-दूसरे से टकराते रहते हैं। पूरी खबर….
