प्राकृतिक खेती पर जोर
मुख्यमंत्री सुक्खू ने यहां कृषि विभाग की समीक्षा बैठक की अध्यक्षता की, और कहा कि ग्रामीण अर्थव्यवस्था को सुदृढ़ करने के लिए युवाओं को प्राकृतिक खेती से जोड़ा जाएगा। उन्होंने प्रदेश में इस पद्धति से खेती करने पर बल दिया ताकि किसान ज्यादा से ज्यादा आय अर्जित कर सके। CM ने कहा हम प्राकृतिक खेती आधारित व्यवस्था में क्रांतिकारी बदलाव लाना चाहते हैं। प्राकृतिक खेती से जुड़े किसानों से इस माह हमीरपुर में आयोजित होने वाले सम्मेलन में संवाद करेंगे।

CM Sukhu Natural Farming: ‘हिम’ ब्रांड के तहत उत्पादों की ब्रांडिंग
मुख्यमंत्री सुक्खू ने प्राकृतिक खेती से उत्पादित गेहूं, मक्की और कच्ची हल्दी से सम्बन्धित विभिन्न विषयों की विस्तार से चर्चा की। उन्होंने कहा कि प्राकृतिक खेती से उत्पादित गेहूं के आटे को ‘हिम चक्की आटा’, मक्की के आटे को ‘हिम भोग मक्की’ आटा और कच्ची हल्दी को ‘हिम हल्दी’ के ब्रांड के साथ बाजार में बेचा जाएगा। उन्होंने आटे की पैकिंग के पैकेट में एक्सपायरी डेट से सम्बन्धित जानकारी को प्रदर्शित करने के निर्देश भी दिए। उन्होंने कहा कि इन उत्पादों में पौष्टिकता के सम्बन्ध में भी जानकारी होनी चाहिए। इसका आकलन करने के लिए एक टीम का गठन करने के भी निर्देश दिए गए।
