Haridwar Landslide: हरिद्वार में हो रही लगातार बारिश एक बड़ी चुनौती बनकर सामने आई है। शिवालिक पर्वतमाला क्षेत्र में काली मंदिर के पास भूस्खलन की घटना सामने आई है, जिसमें भारी मात्रा में पहाड़ी मलबा अप्पर रोड स्थित रेलवे ट्रैक पर आ गिरा। इस कारण न केवल ट्रैक बाधित हुआ है, बल्कि रेलवे संचालन पर भी खतरा मंडराने लगा है।

Haridwar Landslide: अनिश्चितता के कारण कार्य में अपेक्षित गति नहीं मिल पा रही
रेलवे और जिला प्रशासन की टीमें तुरंत मौके पर पहुंच गईं और मलबा हटाने का काम शुरू कर दिया गया है। हालांकि, लगातार रुक-रुक कर हो रही बारिश से राहत कार्यों में बार-बार व्यवधान उत्पन्न हो रहा है। जैसे ही बारिश रुकती है, कार्य फिर से आरंभ किया जाता है, लेकिन मौसम की अनिश्चितता के कारण कार्य में अपेक्षित गति नहीं मिल पा रही है।
Haridwar Landslide: अपेक्षित गति नहीं मिल पा रही है
स्थिति को देखते हुए कई ट्रेनों के प्रभावित होने की आशंका जताई जा रही है, जिससे यात्रियों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ सकता है। रेलवे द्वारा ट्रैक की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए लगातार निगरानी रखी जा रही है, और प्रयास किया जा रहा है कि जल्द से जल्द ट्रैक को साफ कर रेल यातायात बहाल किया जा सके।
Haridwar Landslide: ढांचे को लेकर कितनी सतर्कता की आवश्यकता है
प्रशासन ने लोगों से अपील की है कि वे पहाड़ी क्षेत्रों से गुजरते समय सावधानी बरतें, क्योंकि बारिश के चलते भूस्खलन की घटनाएं बढ़ सकती हैं। यह घटना बताती है कि मानसून के मौसम में पर्वतीय क्षेत्रों में बुनियादी ढांचे को लेकर कितनी सतर्कता की आवश्यकता है।
Haridwar Landslide: नज़र रखें और अनावश्यक यात्रा से बचें
फिलहाल, राहत व मरम्मत कार्य युद्धस्तर पर जारी है, और रेलवे अधिकारी ट्रेनों के संचालन को पुनः सुचारु बनाने के लिए हरसंभव प्रयास कर रहे हैं। यात्रियों से अपील की गई है कि वे रेलवे की आधिकारिक सूचनाओं पर नज़र रखें और अनावश्यक यात्रा से बचें, जब तक स्थिति सामान्य नहीं हो जाती।
इस घटना ने एक बार फिर यह संकेत दिया है कि प्राकृतिक आपदाओं के प्रति पूर्व तैयारी और त्वरित प्रतिक्रिया कितनी अहम होती है, खासकर जब बात यात्रियों की सुरक्षा और आवश्यक ढांचागत सेवाओं की हो।
