ग्वालियर में नशा मुक्ति केन्द्र में पंजाब नेशनल बैंक के फील्ड ऑफिसर की मौत की परतें अब डिटेल पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट से खुलने लगी हैं। तीन डॉक्टर के पैनल ने पंकज के शव का पोस्टमॉर्टम किया था। अब डिटेल रिपोर्ट पुलिस के पास पहुंची है। मृतक के शरीर पर सिर से लेकर पांव तक 16 चोट उसकी मौत की वजह बनी हैं।
पोस्टमार्टम रिपोर्ट में बड़ा खुलासा
माथे पर 3×2 सेमी का ताजा घाव।
सिर पर बड़े घाव और सूजन।
7वीं और 8वीं पसलियां टूटी हुईं।
बाएं फेफड़े पर 6 चोटें।
सिर और फेफड़े की चोट से मौत हुई।
चश्मदीद बोला- नंगा कर डंडों से पीटा
मामले में मिली गोल्डन संस्कार नशामुक्ति केंद्र में भर्ती पहाडगढ़ मुरैना निवासी सतेन्द्र सिंह चौहान ने पुलिस को बताया कि रवि तोमर हाथ में डंडा लिए हुए था। यहां पंकज को भागने का मास्टर माइंड मानकर उसे नंगा कर बेरहमी से पीटना शुरू कर दिया। उसके हाथ-पैर, सिर व सीने पर डंडे, लात-घूसे मारते रहें। उसकी चीख कुछ ही देर में सिसकियों में बदल गई तो उसे लेकर हॉस्पिटल भागे, लेकिन वह पहले ही दम तोड़ चुका था।
यह है पूरा मामला
ग्वालियर में मुरार के त्यागी नगर निवासी पंकज शर्मा (33) पंजाब नेशनल बैंक की क्रेडिट शाखा में फील्ड ऑफिसर थे। कुछ दिन पहले वे स्मैक और गांजा की लत का शिकार हो गए। हालत बिगड़ने पर परिवार ने उन्हें 25 जुलाई 2025 को महाराजपुरा स्थित शनिचरा रोड पर मिनी गोल्डन संस्कार नशामुक्ति केंद्र में भर्ती कराया।
12 अगस्त की सुबह पंकज समेत 7-8 लोग नशामुक्ति केंद्र से भाग निकले। घर लौटे पंकज को पूरी तरह स्वस्थ देखने के बावजूद परिजन ने भविष्य की चिंता में नशामुक्ति केंद्र को इसकी सूचना दे दी। इसके बाद नशामुक्ति केंद्र के संचालक विशाल कांकर और हर्ष शिंदे पंकज को दोबारा अपने साथ ले गए।
13 अगस्त की सुबह परिजन को कांकर और शिंदे का फोन आया कि पंकज की तबीयत बिगड़ गई है। वे उसे लेकर जयारोग्य अस्पताल के ट्रॉमा सेंटर जा रहे हैं। उन्होंने परिजन से भी वहां पहुंचने के लिए कहा। अस्पताल पहुंचने पर परिजन ने देखा कि पंकज ट्रॉमा सेंटर में स्ट्रेचर पर मृत अवस्था में पड़ा था।
पांच आरोपियों पर हत्या का केस
एक गिरफ्तार, चार फरार सीएसपी महाराजपुरा नागेन्द्र सिंह सिकरवार ने बताया कि पंकज की मौत शुरू से ही संदिग्ध लग रही थी। पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट और जांच में साफ हो गया है कि उसे नशामुक्ति केंद्र में बुरी तरह पीटा गया। उसके शरीर पर 16 गंभीर चोट थीं।हमने नशामुक्ति केंद्र के संचालक विशाल कांकर और हर्ष शिंदे के साथ ग्वालियर निवासी रवि तोमर, धर्मेंद्र जादौन और कृष्ण मुरारी दीक्षित के खिलाफ केस दर्ज किया है। एक आरोपी रवि तोमर को गिरफ्तार कर लिया गया है। जल्द शेष आरोपी भी पकड़े जाएंगे।
Read More :- राहुल गांधी की वोट अधिकार यात्रा: गयाजी में पेड़ और बसों पर चढ़े लोग
Watch Now :- #bhopalnews:भोपाल में 92 करोड़ का ड्रग्स जब्त – क्या जिम्मेदार वही !
