echallan-scam: पार्षद और कारोबारी से 10 लाख रुपए पार जानिए असली और फेक ई-चालान का फर्क
echallan-scam: राज्य में साइबर ठगों ने ई-चालान के नाम पर नई ठगी का जाल बिछा दिया है। दुर्ग और बिलासपुर के दो पार्षदों तथा रायपुर के दो कारोबारियों से मिलाकर करीब 10 लाख रुपए की ठगी हुई है। ठगों ने ट्रैफिक पुलिस और आरटीओ विभाग का नाम लेकर फर्जी लिंक भेजे और जैसे ही पीड़ितों ने क्लिक किया, उनके बैंक खातों से रकम उड़ गई।
पहला मामला
दुर्ग जिले के मठपारा वार्ड के पार्षद नरेन्द्र कुमार बंजारे को 9 सितंबर को मोबाइल पर एक मैसेज आया। मैसेज में यातायात नियम तोड़ने का हवाला देते हुए ई-चालान भरने कहा गया। बंजारे ने जैसे ही लिंक पर क्लिक कर UPI से भुगतान करना चाहा, दो बार में 49,500 और 40,000 रुपए खाते से कट गए।इसके बाद ठगी का एहसास होते ही नरेन्द्र कुमार बंजारे ने तुरंत थाने में शिकायत दर्ज कराई। फिलहाल दुर्ग कोतवाली पुलिस ने अज्ञात ठगों के खिलाफ अपराध दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
दूसरा मामला
वहीं बिलासपुर के दयालबंद वार्ड 36 के पार्षद बंधु मौर्य भी साइबर ठगी का शिकार बन गए। 3 सितंबर की शाम उनके वॉट्सऐप पर छत्तीसगढ़ पुलिस का लोगो लगा आरटीओ ई-चालान लिंक आया। लिंक पर क्लिक करते ही उनसे आधार, पैन, ड्राइविंग लाइसेंस और बैंक डिटेल्स जैसी गोपनीय जानकारी मांगी गई।पार्षद ने इसे असली समझकर जानकारी भर दी। इसके बाद उनके एचडीएफसी खाते से लगातार ट्रांजेक्शन होते रहे और देखते ही देखते तीन लाख रुपए पार हो गए। ठगों ने राशि को अलग-अलग खातों और वॉलेट्स में ट्रांसफर कर दिया। मामले की शिकायत पर कोतवाली पुलिस ने जुर्म दर्ज कर लिया है।
तीसरा मामला
रायपुर के 2 अलग-अलग कारोबारियों से 6 लाख की ठगी हुई है। गुढियारी के एक कारोबारी से 4 लाख और पुरानी बस्ती के एक युवक से 2 लाख की ठगी हुई। दोनों ही मामलों में पीड़ितों को पहले फर्जी ई-चालान का मैसेज भेजा गया। लिंक पर क्लिक करते ही खाते पैसे कट गए।
साइबर एक्सपर्ट की चेतावनी
रिटायर्ड डीएसपी आर.के. जोशी के मुताबिक, ई-चालान लिंक पर क्लिक होते ही मोबाइल में एक हैकिंग फाइल डाउनलोड हो जाती है। इससे फोन का नियंत्रण ठगों के पास चला जाता है और वे आसानी से बैंक खातों को खाली कर देते हैं।
किसी भी मैसेज लिंक पर क्लिक न करें।
केवल ऑफिशियल वेबसाइट पर जाकर ही ई-चालान चेक करें।
किसी भी संदिग्ध कॉल/मैसेज की जानकारी तुरंत पुलिस को दें।
असली और नकली ई-चालान डोमेन
फर्जी डोमेन (Fake)
- echallan-parivahan.com
- parivahan-gov.in
- parivahanportal.net
- mparivahan.co.in
- echallanindia.org
- असली डोमेन (Original)
- echallan.parivahan.gov.in
