fake dsp job scam chhattisgarh: छत्तीसगढ़ के बलरामपुर जिले में एक चौंकाने वाला मामला सामने आया है, जहां एक आदिवासी महिला से सरकारी नौकरी लगवाने के नाम पर 72 लाख रुपए ठग लिए गए। हैरानी की बात यह कि महिला से ठगी करने वाला आरोपी खुद DSP नहीं, बल्कि एक जेसीबी ऑपरेटर निकला। उसने मध्य प्रदेश पुलिस के वायरल अधिकारी DSP संतोष पटेल के नाम और फोटो का इस्तेमाल कर विश्वास जीत लिया।
शिकायत PMO पहुंची, तब खुला पूरा मामला
पीड़िता ने जब स्थानीय स्तर पर कार्रवाई न होते देख शिकायत प्रधानमंत्री कार्यालय (PMO) तक भेजी। इसके बाद कुसमी पुलिस ने जांच शुरू की। महिला द्वारा बताए गए अधिकारी का नाम सामने आया, DSP संतोष पटेल, जो सोशल मीडिया पर 2.2 मिलियन (22 लाख) से ज्यादा फॉलोअर्स रखते हैं।
fake dsp job scam chhattisgarh: बालाघाट में मिले असली DSP
टीम ने जब वर्तमान में हॉक फोर्स में असिस्टेंट कमांडेंट के पद पर कार्यरत DSP संतोष पटेल को दस्तावेज दिखाए, तो वे भी दंग रह गए।महिला द्वारा जमा आवेदन और दस्तावेजों में उनकी वर्दी वाली फोटो लगी थी, लेकिन उन्होंने कभी इस महिला से बात तक नहीं की थी। DSP पटेल ने तुरंत बताया कि यह किसी फर्जीवाड़े का मामला है और किसी ने उनकी फोटो का गलत इस्तेमाल किया है।
वीडियो कॉल पर भी नहीं मानी महिला
जब असली DSP ने पीड़िता से बात करने के लिए वीडियो कॉल किया, तो महिला उन्हें पहचानने को तैयार ही नहीं हुई।वह लगातार यही कहती रही- तुमने ही 72 लाख रुपए लिए हैं।”महिला ने बताया कि जिस “अधिकारी” से वह फोन पर बात करती थी, वह कभी चेहरा नहीं दिखाता था, और केवल ऑडियो कॉल पर ही बात करता था। इससे साफ हो गया कि ठग DSP की फोटो और पहचान का इस्तेमाल कर रहा था।
जेसीबी ऑपरेटर निकला आरोपी
जांच में खुलासा हुआ कि आरोपी कोई पुलिस अधिकारी नहीं बल्कि एक जेसीबी ऑपरेटर है, जिसने DSP पटेल की इंटरनेट से ली गई फोटो और सोशल मीडिया पहचान का फायदा उठाकर 72 लाख की भारी ठगी को अंजाम दिया।छत्तीसगढ़ पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर आगे की कार्रवाई शुरू कर दी है।
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