vinay shankar tiwari bank fraud : ₹754 करोड़ के बैंक घोटाले की जांच तेज!
vinay shankar tiwari bank fraud : लखनऊ, समाजवादी पार्टी के नेता और पूर्व विधायक विनय शंकर तिवारी की मुश्किलें बढ़ गई हैं। प्रवर्तन निदेशालय (ED) ने सोमवार सुबह उनकी कंपनी गंगोत्री इंटरप्राइजेज से जुड़े लखनऊ, गोरखपुर, नोएडा, मुंबई और दिल्ली में 8 ठिकानों पर एक साथ छापेमारी की। कार्रवाई का मकसद है—₹754 करोड़ के बैंक फ्रॉड की परतों को खोलना।
कार्रवाई सुबह 6 बजे से शुरू, गोरखपुर में दोपहर तक चली सर्चिंग
ED की टीमों ने एक साथ सुबह 6 बजे दबिश दी। गोरखपुर में सर्चिंग दोपहर 1 बजे तक चली। लखनऊ में विनय शंकर तिवारी खुद मौजूद थे, जबकि महाराजगंज में उनके रिश्तेदार दीपक पांडेय के घर भी रेड की गई। ED की जांच का फोकस है—वित्तीय अनियमितताओं और फर्जी दस्तावेजों के जरिए बैंकों से लिए गए मोटे लोन की हकीकत।

क्या है ₹754 करोड़ का मामला?
गंगोत्री इंटरप्राइजेज पर आरोप है कि कंपनी ने कई बैंकों को गलत दस्तावेज देकर लोन लिया और फिर उसे वापस नहीं किया। ये लोन कंस्ट्रक्शन, माइनिंग और सप्लाई से जुड़ी गतिविधियों के नाम पर लिए गए थे। प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि कंपनी ने इन फंड्स का इस्तेमाल न तो तय योजना के मुताबिक किया और न ही उसका रिटर्न बैंकों को दिया।
‘सरकार के इशारे पर हो रही कार्रवाई’
विनय शंकर तिवारी के भाई कुशल शंकर तिवारी ने बयान दिया कि “यह सब राजनीतिक द्वेष की वजह से हो रहा है। केंद्र सरकार और सत्ताधारी दल, विपक्ष को दबाने के लिए ED का इस्तेमाल कर रहे हैं।” उन्होंने आरोप लगाया कि सपा नेताओं को निशाना बनाकर आगामी चुनावों से पहले बदनाम करने की कोशिश की जा रही है।
कौन हैं विनय शंकर तिवारी?
- विनय शंकर तिवारी, पूर्वांचल के कद्दावर नेता हरिशंकर तिवारी के बेटे हैं।
- वे पहले बहुजन समाज पार्टी से विधायक रह चुके हैं और बाद में समाजवादी पार्टी में शामिल हो गए।
- क्षेत्र में उनकी काफी मजबूत पकड़ मानी जाती है।
प्रमुख बिंदु जो जानना ज़रूरी है
- ✅ ED Raid 2025, Vinay Shankar Tiwari ED News, और Bank Fraud ₹754 Crore जैसे कीवर्ड सर्च में ट्रेंड कर रहे हैं।
- ✅ चुनावी माहौल में Political Raid in UP और ED Raid on Politician जैसे टॉपिक तेज़ी से वायरल हो रहे हैं।
- ✅ सर्च इंजन में “ED latest news in Hindi”, “Vinay Shankar Tiwari case update”, और “Bank scam in India 2025” जैसी क्वेरीज पर ज़बरदस्त ट्रैफिक है।
ED की कार्रवाई से सपा नेता के खिलाफ जांच तेज हो गई है। इस रेड को जहां एक ओर कानूनी प्रक्रिया का हिस्सा बताया जा रहा है, वहीं दूसरी ओर इसे राजनीतिक हथकंडा भी कहा जा रहा है। अब देखना यह है कि जांच में क्या निकलकर सामने आता है और क्या यह मामला चुनावी राजनीति को नया मोड़ देगा?
Read More :- RBI Rules 2025 : 1 मई से ATM से कैश निकालना महंगा होगा
सटीक, सच्ची और सिर्फ खबर के लिए डाउनलोड करे app https://play.google.com/store/apps/details?id=com.netlink.newsapplication&hl=en_IN
“Follow” whatsapp channel https://whatsapp.com/channel/0029Vb11xsB77qVPx8Rt411E
