थाने का घेराव
गंभीर रूप से झुलसे दंपत्ति को प्राथमिक उपचार करने के बाद इंदौर रेफर कर दिया गया। वहीं घटना के बाद मौके पर अफरा-तफरी मच गई और विरोध में लोगों ने थाने पहुंचकर घेराव किया।


तहसीलदार किया कलेक्टर कार्यालय अटैच
पीड़ित परिवार ने तहसीलदार पर आरोप लगाते हुए कहा है कि उनका निर्माण वैध था, सभी परमिशन थीं लेकिन तहसीलदार निर्माण को तुड़वा रहे थे। आरोप लगने के बाद तहसीलदार को हटाकर कलेक्टर कार्यालय अटैच किया गया।
दंपत्ति ने लगाई खुद को आग
बता दे कि, सतवास में तहसीलदार अरविंद दिवाकर के साथ राजस्व अमला निर्माण हटाने पहुंचा था। नाली पर हुए अतिक्रमण को हटाने के लिए जैसे ही जेसीबी आई तो तो संतोष व्यास और उनकी पत्नी जयश्री व्यास की उनसे बहस हो गई। इसी दौरान दंपत्ति ने तहसीलदार के सामने ही खुद पर पेट्रोल छिड़का और आग लगा ली।

Dewas couple self-immolation: दंपत्ति की गंभीर हालत
आग लगाते ही हड़कंप मच गया और चीख पुकार मच गई। मौके पर मौजूद लोगों ने तुरंत आग बुझाई और गंभीर रूप से झुलसे दंपति को अस्पताल पहुंचाया जहां से उन्हें गंभीर हालत में इंदौर रेफर कर दिया गया।
थाने का घेराव, चक्काजाम
घटना के बाद इलाके में भारी आक्रोश फैल गया। गुस्साए लोगों ने सतवास बस स्टैंड पर पुलिस थाने के सामने चक्काजाम कर दिया और नारेबाजी की।

Dewas couple self-immolation: लोगों ने पुलिस अधिकारियों को घेर लिया। लोगों ने आरोप लगाया कि अतिक्रमण की कार्रवाई करने पहुंची टीम ने परिवार को डराया, कहा कि पैसे दो। इतना भ्रष्टाचार है। प्रशासन क्या कर रहा है। चक्काजाम के दौरान 3km लंबी गाड़ियों की कतार लग गई।
देवास से आदित्य श्रोत्रिय की रिपोर्ट
