उमर दिल्ली में प्रवेश के बाद तय रूट पर चलता रहा
delhi blast 2025 red fort investigation: 10 नवंबर 2025 को लाल किले के पास हुए कार ब्लास्ट में तेरह लोगों की मौत और बीस से अधिक घायल हुए। घटना के तुरंत बाद सुरक्षा एजेंसियों ने पूरे इलाके से मिले सीसीटीवी फुटेज की पड़ताल शुरू की। इन्हीं फुटेज ने पूरी टाइमलाइन का पहला ढांचा तैयार किया।
दिल्ली पहुंचने का मार्ग और शुरुआती हरकतें
सबसे पहला वीडियो नूंह-मेवात रूट का है, जहां रात करीब डेढ़ बजे उमर की कार तेज रफ्तार से गुजरती दिखती है। सुबह लगभग आठ बजे बदरपुर बॉर्डर के फुटेज में वही कार साफ पकड़ी गई। इसमें पिछली सीट पर रखा काले-सफेद रंग का बड़ा बैग साफ दिखाई देता है। एजेंसियां मानती हैं कि यही बैग विस्फोटक से भरा हुआ था। दिल्ली में प्रवेश के बाद उमर तुर्कमान गेट के पास स्थित दरगाह गया, जहां वह थोड़ी देर रहा। जांच अधिकारी कहते हैं कि यह उसके रूट का हिस्सा था और वह आगे बढ़ने से पहले यहां रुका।
delhi blast 2025 red fort investigation: हमले से पहले 3 घंटे का ठहराव
सबसे महत्वपूर्ण फुटेज सुनहरी बाग पार्किंग का है। यहां उमर करीब तीन घंटे तक रुका रहा। सूत्रों के अनुसार, इसी दौरान उसने डेटोनेटर और फ्यूज को कार में मौजूद विस्फोटक से जोड़ा। यह प्रक्रिया तकनीकी रूप से जोखिम भरी थी, लेकिन उसके व्यवहार में किसी तरह का तनाव नहीं दिखाई देता। जांच टीम इस हमले के पैटर्न को बीते वर्षों की घटनाओं से जोड़कर देख रही है। साल 2000 में दीनदार अंजुमन ग्रुप द्वारा किए गए ब्लास्ट की रणनीति से कई समानताएं मिल रही हैं—निश्चित रूट, भीड़भाड़ का उपयोग और तय स्थान पर रुकना।
डॉक्टर मॉड्यूल पर जांच का फोकस
अब तक आठ लोगों को हिरासत में लिया गया है, जिनमें कई डॉक्टर शामिल हैं। यह मॉड्यूल जांच एजेंसियों के लिए विशेष रूप से अहम बन गया है क्योंकि इससे तकनीकी जानकारी के इस्तेमाल की आशंका बढ़ती है। गिरफ्तार किए गए लोगों से पूछताछ जारी है। फोकस इस बात पर है कि फंडिंग कहां से आई, टेक्निकल सपोर्ट किसने दिया और नेटवर्क कब से सक्रिय थाजांच अधिकारी आने वाले दिनों में विस्फोटक की सोर्सिंग और पूरी चेन को स्पष्ट करने की कोशिश करेंगे।
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