उत्तराखंड की राजधानी देहरादून में आज से 38वें राष्ट्रीय खेलों का भव्य उद्घाटन हुआ। इस रंगारंग समारोह में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की उपस्थिति ने आयोजन को और भी खास बना दिया। उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने प्रधानमंत्री मोदी का पारंपरिक पहाड़ी टोपी पहनाकर स्वागत किया। इस मौके पर सीएम धामी ने राज्य में चल रहे विकास कार्यों का उल्लेख करते हुए राष्ट्रीय खेलों के आयोजन को ऐतिहासिक क्षण बताया। उन्होंने प्रधानमंत्री मोदी का धन्यवाद करते हुए कहा कि उनके मार्गदर्शन और समर्थन से उत्तराखंड ने विकास की नई ऊंचाइयों को छुआ है।
सीएम धामी ने कहा, “हमारे लिए गर्व का विषय है कि राष्ट्रीय खेलों का आयोजन देवभूमि उत्तराखंड में हो रहा है। प्रधानमंत्री के विजन और प्रेरणा से यह आयोजन संभव हो पाया है।” उन्होंने इन खेलों को पर्यावरण संरक्षण का प्रतीक मानते हुए कहा कि यह आयोजन “ग्रीन गेम्स” के रूप में मनाया जाएगा। इस दौरान सौर ऊर्जा और अन्य पर्यावरणीय उपायों पर विशेष ध्यान दिया गया है, जो राज्य को “क्लीन और ग्रीन स्टेट” बनाने के सरकार के प्रयासों का हिस्सा हैं।
PM पारंपरिक पहाड़ी टोपी पहनाकर पीएम मोदी का स्वागत
इस आयोजन में 9,545 खिलाड़ी भाग ले रहे हैं, जबकि कुल मिलाकर करीब 16,000 लोग इस आयोजन का हिस्सा होंगे, जिसमें खिलाड़ी और सहयोगी स्टाफ शामिल हैं। राष्ट्रीय खेलों की प्रतियोगिताएं उत्तराखंड के विभिन्न जिलों जैसे देहरादून, टिहरी, ऋषिकेश, रुद्रपुर और हल्द्वानी में आयोजित की जाएंगी। सभी स्थानों पर आयोजनों की तैयारियां पूरी कर ली गई हैं। मुख्यमंत्री धामी ने कहा कि यह आयोजन सिर्फ खेलों तक सीमित नहीं रहेगा, बल्कि राज्य के पर्यटन, रोजगार और आर्थिक विकास में भी योगदान देगा। इन खेलों के माध्यम से उत्तराखंड की समृद्ध सांस्कृतिक धरोहर को देशभर में प्रदर्शित किया जाएगा। आयोजन स्थलों को उत्तराखंडी संस्कृति के अनुरूप सजाया गया है, ताकि राज्य की अनूठी पहचान को बढ़ावा मिले।
UCC का भी किया जिक्र
अपने संबोधन में मुख्यमंत्री धामी ने राज्य में हो रहे विकास कार्यों का उल्लेख करते हुए बताया कि उनकी सरकार ने आधारभूत ढांचे को मजबूत करने और सामाजिक कल्याण के लिए कई योजनाएं लागू की हैं। उन्होंने कहा, “उत्तराखंड को आदर्श राज्य बनाने के लिए सरकार शिक्षा, स्वास्थ्य, बुनियादी ढांचे और रोजगार के क्षेत्रों में निरंतर काम कर रही है।” साथ ही, मुख्यमंत्री ने यूनिफॉर्म सिविल कोड (UCC) का भी जिक्र किया। उन्होंने बताया कि उत्तराखंड सरकार इस दिशा में तेजी से कदम बढ़ा रही है और यह राज्य देश का पहला राज्य बनेगा जो इस संबंध में निर्णायक कदम उठाएगा। उन्होंने इसे सामाजिक समानता और न्याय का प्रतीक बताते हुए राज्य की सामाजिक संरचना को और मजबूत करने की बात की।