Dalit Rights: रायबरेली जिले के ऊंचाहार थाना क्षेत्र के ईश्वरदासपुर गांव में दलित युवक हरिओम की भीड़ द्वारा पीट-पीटकर हत्या किए जाने की घटना के बाद मामला राजनीतिक और सामाजिक दोनों ही स्तरों पर गंभीर हो गया है। इस मामले में शनिवार को हरिओम की पत्नी संगीता ने लखनऊ में उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से मुलाकात की।

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से मुलाकात की
संगीता की सीएम से मुलाकात ऊंचाहार के विधायक के माध्यम से हुई, जिन्होंने मुख्यमंत्री से बात कर संगीता को मिलने का अवसर दिलवाया। मुलाकात के दौरान विधायक ने संगीता से पूछा कि सरकार की ओर से क्या मदद मिली है। इस पर संगीता ने संतोष व्यक्त करते हुए कहा कि “मैं मुख्यमंत्री की आभारी हूं। सरकार ने मेरी उम्मीदों से बढ़कर मदद की है।”
Dalit Rights: मेरी उम्मीदों से बढ़कर मदद की है
विधायक पहले ही संगीता की मुलाकात तय कर चुके थे, जिसके बाद शनिवार दोपहर लगभग डेढ़ बजे वे संगीता को लखनऊ लेकर रवाना हुए। यह मुलाकात पीड़ित परिवार को मानसिक और सामाजिक सहारा देने के लिए महत्वपूर्ण मानी जा रही है।
सामाजिक सहारा देने के लिए महत्वपूर्ण मानी जा रही है
घटना के बारे में बात करें तो हरिओम अपनी पत्नी संगीता से मिलने के लिए ईश्वरदासपुर गांव पहुंचा था। संगीता एनटीपीसी में स्थित एक बैंक में कार्यरत हैं। जब हरिओम गांव में पहुंचा, तो कुछ स्थानीय लोगों ने उसे संदिग्ध समझकर रोक लिया और सवाल पूछने लगे। हरिओम सही से जवाब नहीं दे पाया, जिससे लोगों को उस पर शक हुआ और उन्होंने उसे चोर समझकर पीटना शुरू कर दिया।
गंभीर खतरे की ओर इशारा करती
भीड़ ने हरिओम को इतनी बेरहमी से पीटा कि उसकी मौके पर ही मौत हो गई। यह घटना प्रदेश में एक बार फिर भीड़ हिंसा (मॉब लिंचिंग) के गंभीर खतरे की ओर इशारा करती है।
Dalit Rights: जिस तरह की मदद की अपेक्षा नहीं थी
इस दर्दनाक घटना के बाद सरकार द्वारा हरिओम के परिवार को मदद दी गई, जिसमें आर्थिक सहायता, नौकरी और सुरक्षा जैसे वादे शामिल हैं। संगीता ने स्पष्ट किया कि उन्हें जिस तरह की मदद की अपेक्षा नहीं थी, वह भी सरकार ने दी है।
अब यह मामला सरकार की संवेदनशीलता और मॉब लिंचिंग के खिलाफ कड़े कदम उठाने की जरूरत पर ध्यान केंद्रित कर रहा है।
