उत्तर प्रदेश में महिलाओं को सशक्त बनाने की दिशा में एक नई पहल के तहत मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ लखनऊ के लोकभवन में बाल विकास एवं पुष्टाहार विभाग में चयनित 2,425 मुख्य सेविकाओं और 13 फार्मासिस्टों को नियुक्ति पत्र देंगे। यह नियुक्ति पिछले दो दशकों में इस विभाग में सबसे बड़ी भर्ती है, जो बाल विकास तंत्र को मजबूती प्रदान करेगी।
चयन प्रक्रिया और पारदर्शिता
इन पदों के लिए चयन उत्तर प्रदेश अधीनस्थ सेवा चयन आयोग द्वारा निष्पक्ष और पारदर्शी प्रक्रिया के तहत किया गया है। आंगनबाड़ी तंत्र में यह नियुक्तियां न केवल रोजगार के अवसर बढ़ाएंगी, बल्कि महिलाओं के आर्थिक और सामाजिक सशक्तिकरण को भी मजबूत करेंगी।
विभाग की उपलब्धियां और विस्तार
पिछले आठ वर्षों में बाल विकास एवं पुष्टाहार विभाग ने महत्वपूर्ण प्रगति की है। इस दौरान 75 जनपदों में 19,424 आंगनबाड़ी कार्यकर्त्रियों की भर्ती, 3,000 से अधिक सहायिकाओं का प्रमोशन, और मिनी आंगनबाड़ी कार्यकर्त्रियों के मानदेय में वृद्धि की गई है। इसके अलावा, बाल विकास परियोजना अधिकारियों और जिला कार्यक्रम अधिकारियों की पदोन्नति भी हुई है।
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महिला-बाल विकास को नई ऊर्जा
मुख्यमंत्री योगी ने इस नियुक्ति कार्यक्रम को महिलाओं और बच्चों के स्वास्थ्य, पोषण व शिक्षा सेवा को बेहतर बनाने के लिए एक महत्वपूर्ण कदम बताया। उन्होंने भरोसा जताया कि महिलाएं इस विभाग के माध्यम से प्रदेश की सामाजिक-आर्थिक प्रगति में अहम भूमिका निभाएंगी।
रोजगार सृजन में योगी सरकार की प्रतिबद्धता
‘मिशन रोजगार’ योजना के तहत योगी सरकार ने पिछले आठ वर्षों में प्रदेश में 8.50 लाख से अधिक युवाओं को सरकारी नौकरियों से जोड़ा है। यह नियुक्ति भी इसी दिशा में एक बड़ा कदम है, जो प्रदेश की महिलाओं को सशक्त बनाने और रोजगार प्रदान करने का उदाहरण पेश करती है।
उत्तर प्रदेश की महिलाओं को सशक्त करने की यह पहल न केवल उनके जीवन में स्थिरता लाएगी, बल्कि प्रदेश के सामाजिक विकास में भी अहम भूमिका निभाएगी।
