योजनाओं में ढिलाई पर कड़ी चेतावनी
Jal Jeevan Mission CM Yogi action: उत्तरप्रदेश के मुखिया योगी आदित्यनाथ ने जल जीवन मिशन के तहत चल रहे कार्यों में लापरवाही बरतने वाले अधिकारियों के खिलाफ सख्त रुख अपनाया है। बतादें कि सरकार ने स्पष्ट कर दिया है कि योजनाओं में किसी भी प्रकार की ढिलाई अब बर्दाश्त नहीं की जाएगी। और यही कारण है कि लापरवाह अधिकारियों और कर्मचारियों पर तत्काल और कड़ी कार्रवाई की गई है।
183 अफसरों पर बड़ी कार्रवाई
जल जीवन मिशन के अंतर्गत अब तक कुल 183 अधिकारियों और कर्मचारियों के खिलाफ कार्रवाई की गई है। इनमें से 122 अधिकारियों पर अनुशासनिक जांच के आदेश दिए गए हैं। वहीं, 55 अधिकारियों को प्रतिकूल प्रविष्टि दी गई है और 6 अफसरों को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया गया है।
अधिशासी अभियंताओं पर सबसे अधिक शिकंजा
सरकारी रिपोर्ट के अनुसार, इस कार्रवाई में सबसे अधिक अधिशासी अभियंताओं को घेरे में लिया गया है। 7 मुख्य अभियंताओं के खिलाफ अनुशासनिक जांच शुरू की गई है। साथ ही 19 अवर अभियंताओं पर भी जांच के आदेश दिए गए हैं। 32 सहायक अभियंताओं की भूमिका पर भी जांच बिठाई गई है, जिनमें से 2 को सस्पेंड कर दिया गया है।
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पारदर्शिता और जवाबदेही की नीति
योगी सरकार की “जीरो टॉलरेंस” नीति के तहत यह कार्रवाई दर्शाती है कि विकास योजनाओं में पारदर्शिता और जवाबदेही से कोई समझौता नहीं होगा। मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को स्पष्ट संदेश दिया है कि गुणवत्तापूर्ण कार्य और समयबद्ध वितरण ही सरकार की प्राथमिकता है।
उत्तर प्रदेश बना जल कनेक्शन में अग्रणी राज्य
Jal Jeevan Mission CM Yogi action: मुख्यमंत्री योगी ने यह भी बताया कि उत्तर प्रदेश जल जीवन मिशन के तहत देश का पहला ऐसा राज्य बन गया है, जिसने सबसे अधिक घरों तक नल कनेक्शन पहुंचाए हैं। यह उपलब्धि अधिकारियों और विभागों के समन्वय का परिणाम है, लेकिन लापरवाही करने वालों को कतई बख्शा नहीं जाएगा।
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